मई के महीने के शुरुआत होते ही आम उपभोक्ताओं के लिए राहत की खबर सामने आ रही है. अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव के दौरान हर आम नागरिक के मन में यह सवाल होगा की पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कितना उछाल आया है, तो आइए इस लेख में जानें सरकारी तेल कंपनियों ने कितना इजाफा किया है और किसकों राहत मिली है.
आम उपभोक्ताओं को राहत
देश की प्रमुख तेल कंपनी Indian Oil Corporation (IOC) के अनुसार, रिटेल ग्राहकों के लिए पेट्रोल और डीजल के दामों में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है और यह फैसला बेहद ही मायने रखता है, क्योंकि देश में कुल ईधन खपत का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा रिटेल उपभोक्ताओं से ही आता है. ऐसे में कीमतों का स्थिर रहना यानी की आम आदमी की जेब पर कोई फ्रक नहीं पड़ेगा.
आज पेट्रोल- डीजल के क्या रेट है?
अगर आप अपनी गाड़ी की टंकी फुल कराने की योजना बना रहे हैं, तो पहले अपने शहर के ताजा भाव जरूर जान लें, जो कुछ इस प्रकार है-
|
शहर |
पेट्रोल/लीटर |
डीजल/लीटर |
|
दिल्ली |
₹94.77 |
₹87.67 |
|
मुंबई |
₹103.54 |
₹90.03 |
|
कोलकाता |
₹105.41 |
₹92.02 |
|
चेन्नई |
₹100.80 |
₹92.39 |
|
बेंगलुरु |
₹102.92 |
₹90.99 |
कच्चे तेल की कीमतों में उछाल
वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल के दामों में लगातार उतार-चढ़ाव हो रहे हैं. मुख्य तौर पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच अंतरराष्ट्रीय बाजार में Brent Crude की कीमतों में तेजी देखी गई है. यह करीब 1.2% बढ़कर $111.70 प्रति बैरल तक पहुंच चुका है. साथ ही बता दें कि अमेरिकी क्रूड ऑयल भी $105.64 प्रति बैरल के स्तर पर कारोबार कर रहा है. हालांकि, यह स्तर हाल के उच्चतम $126.41 प्रति बैरल से अभी नीचे, लेकिन आने वाले समय में इसका असर घरेलू कीमतों पर भी पड़ सकता है.
तेल कंपनियों पर क्यों बढ़ा दबाव
कीमतें स्थिर रखने का सीधा असर तेल कंपनियों की कमाई पर पड़ रहा है. रिपोर्ट्स के अनुसार, सरकारी तेल विपणन कंपनियों (OMCs) को हर लीटर पेट्रोल पर करीब ₹14 और डीजल पर ₹18 का नुकसान झेलना पड़ रहा है. कच्चे तेल की बढ़ती लागत और स्थिर रिटेल कीमतों के बीच यह अंतर कंपनियों के लिए चुनौती बनता जा रहा है.
अफवाहों से बचें, स्टॉक पर्याप्त
देश में अभी हाल फिलहाल में कुछ जगहों पर पेट्रोल-डीजल की कमी को लेकर अफवाहें फैली थीं, जिसके बाद सरकार ने स्थिति स्पष्ट की है. अधिकारियों ने कहा है कि देश में ईंधन का पर्याप्त भंडार मौजूद है और सप्लाई चेन पूरी तरह सामान्य है. साथ ही सरकार ने लोगों से यह अपील की है कि वे घबराहट में आकार अधिक मात्रा में तेल की खरीद न करें.
लेखक: रवीना सिंह
Share your comments