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पौधों में रोगों की पहचान करेगा ये रोबोट, जानें इसकी खासियत

कंचन मौर्य
कंचन मौर्य
plant

अक्सर किसान पौधों में लगने वाले रोगों की समस्या से ज्यादा परेशान रहते हैं, क्योंकि यह रोग फसल की उपज पर काफी बुरा प्रभाव डालते हैं. इस समस्या से किसानों को छुटकारा दिलाने के लिए भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT Kharagpur) खड़गपुर ने एक ऐसा रोबोट (Robot) तैयार किया है, जो पौधों में लगने वाले रोगों की पहचान करने में सक्षम है.

क्या है ये रोबोट

इस रोबोटिक सिस्टम में एक वाहन लगा होगा, जो कि खेतों में घूमने का काम करेगा. इसके अलावा रोबोट में एक ऐसा यंत्र भी लगेगा, जो कैमरे को पकड़ सकता है. बता दें कि इसमें कीटनाशक का छिड़काव करने लिए एक नलिका भी दी जाती है. यह यंत्र कैमरा और तस्वीरों के जरिए पौधों में लगने वाले रोगों का पता लगा सकता है. इसके साथ ही उन रोगों को दूर कर सकता है. इसकी मदद से किसान पौधों में सही तरीके से रोगों का पता लगा सकते हैं. बता दें कि फसलों पर कीटनाशक का छिड़काव करते समय किसानों के स्वास्थ्य पर काफी नुकसान पड़ता है. ऐसे में यह यंत्र किसानों को इस समस्या से भी बचाएगा. इस यंत्र का डिजाइन मुंबई की एक कंपनी ने तैयार किया है.

Robot

ऐसे काम करता है ये रोबोट

इस रोबोटिक सिस्टम में कैमरा, कीटनाशक स्प्रे करने का पाइप और अन्य सामान लगे होते हैं. यह बैटरी से चलता है. अगर यह एक बार पूरी तरह से चार्ज हो जाए, तो करीब 2 घंटे तक खेत में काम कर सकता है. इस यंत्र में कंट्रोल पैनल के बटनों का इस्तेमाल कर सकते हैं और रोबोट को रिमोट से कंट्रोल कर सकते हैं.

जानकारी के लिए बता दें कि हर साल फसलों और पेड़-पौधों पर लगने वाले रोगों से भारी मात्रा में नुकसान होता है. अक्सर फसलों पर कवर्ड स्मट, लूज स्मट, हेल्मिंथोस्पोरियम ब्लाइट और झुलसा जैसे कई रोग का प्रकोप हो जाता है. इसकी रोकथाम के लिए किसानों को कीटनाशक (Pesticide) पर काफी पैसा खर्च करना पड़ता है. ऐसे में ये रोबोट किसानों के काफी काम आएगा.

English Summary: The robot will detect diseases in plants

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