MFOI 2024 Road Show
  1. Home
  2. खेती-बाड़ी

Cardamom Farming: इलायची की खेती कर कमांए लाखों, विदेशों में भी है भारी मांग

इलायची की मांग देश के अलावा विदेशों में भी बहुत रहती है. ऐसे में अगर किसान भाई इसकी खेती करते हैं तो वह काफी अच्छा मुनाफा कमा सकते हैं.

रवींद्र यादव
इलायची की खेती
इलायची की खेती

Cardamom Farming: भारत में इलायची की खेती बडे स्तर पर की जाती है. इसे एक नगदी फसल के तौर पर भी उगाया जाता है. इसकी खेती कर हमारे देश के किसान काफी अच्छा मुनाफा कमा रहे हैं. यह इलायची हमारे देश के साथ-साथ विदेशों में भी बहुत प्रचलित है, जिस कारण इसकी मांग बहुत ज्यादा बनी रहती है. भारत में इलायची की खेती मुख्य रूप से केरल, कर्नाटक आन्ध्र प्रदेश और तमिलनाडु राज्य में की जाती है. आज हम आपको इस लेख के माध्यम से इलायची की खेती के बारे में बताएंगे.

इलायची की खेती के लिए 1500 से 4000 मिमी वर्षा की जरुरत होती है. इसकी खेती अधिक गर्म वाली जगहो पर नहीं की जा सकती है. ऐसे इलाको में खेती के लिए इसके पौधों को लगातार पानी की आवश्यकता होती है. इलायची के पौधों अच्छी मात्रा में नमी की जरुरत होती है. आप इसकी अच्छी पैदावार के लिए फसल में ड्रिप सिंचाई का भी उपयोग कर सकते हैं.

इलायची के पौधों को तैयार होने में तीन से चार वर्ष का समय लगता है. इलायची की कटाई के बाद काफी दिन तर धूप में सुखाना होता है. इसके लिए आप किसी मशीन का भी इस्तेमाल कर सकते हैं. किसान भाई इसके हरे रंग के लिए वाशिंग सोडा के घोल में भिगो के सुखा दें. इसे 18 से 24 घंटे काफी गर्म तापमान पर सुखाया जाना चाहिए.

ये भी पढ़ें: औषधीय गुणों से भरपूर इलायची

इन सूखी इलायचियों को आप मार्केट में बेचकर काफी बढ़िया मुनाफा कमा सकते हैं. भारतीय बाजार में इसकी यह 800 से 1000 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से बिकती है.. ऐसे में अगर किसान भाई इसकी उन्नत खेती करते हैं तो आप हर साल 5 से 6 लाख रुपये तक की कमाई कर अपनी आर्थिक स्थिति अच्छी कर सकते हैं.

English Summary: Earned lakhs by cultivating cardamom, its huge demand in foreign countries too Published on: 14 June 2023, 01:51 PM IST

Like this article?

Hey! I am रवींद्र यादव. Did you liked this article and have suggestions to improve this article? Mail me your suggestions and feedback.

Share your comments

हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें. कृषि से संबंधित देशभर की सभी लेटेस्ट ख़बरें मेल पर पढ़ने के लिए हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें.

Subscribe Newsletters

Latest feeds

More News