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सावधान! उर्वरक की कालाबाजारी और टैगिंग करने वालों पर होगी सीधी कार्रवाई

पटना के कृषि भवन मीठापुर में कृषि मंत्री राम कृपाल यादव के निर्देश पर कृषि निदेशक सौरभ सुमन यादव के अध्यक्षता में उर्वरक विक्रेताओं और कंपनियों के प्रतिनिधियों की बैठक संपन्न हुई. इस बैठक में उर्वरक की कालाबाजारी पर चर्चा की गई. पूरी खबर पर नजर डालें..

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कृषि निदेशक सौरभ सुमन यादव की अध्यक्षता में उर्वरक विक्रेताओं और कंपनियों के प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई (Image Source-istockphoto)

पटना के कृषि भवन मीठापुर में कृषि मंत्री राम कृपाल यादव के निर्देश पर कृषि निदेशक सौरभ सुमन यादव की अध्यक्षता में उर्वरक विक्रेताओं और कंपनियों के प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। बैठक में राज्य में उर्वरक की उपलब्धता और वितरण प्रणाली की समीक्षा की गई।

कृषि निदेशक सौरभ सुमन यादव ने जानकारी दी कि वर्तमान में राज्य के पास 2.84 लाख टन यूरिया का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। उन्होंने विक्रेताओं को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि उर्वरकों की बिक्री केवल पूरी जांच-पड़ताल और किसानों की वास्तविक जरूरत के अनुसार ही की जानी चाहिए। उन्होंने वैकल्पिक उर्वरकों के प्रयोग को प्रोत्साहित करने की सलाह दी ताकि रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता को कम किया जा सके।

बैठक के दौरान निदेशक ने स्पष्ट किया कि किसानों को उर्वरक उचित मूल्य पर मिलना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई थोक विक्रेता, खुदरा दुकानदार या विभाग का कोई पदाधिकारी गलत कार्य में संलिप्त पाया जाता है, तो उस पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने उर्वरक निर्माता कंपनियों और थोक विक्रेताओं को सख्त निर्देश दिए कि उर्वरकों के साथ किसी भी अन्य उत्पाद की टैगिंग न करें।

आपूर्ति को लेकर निर्देश दिया गया कि सभी कंपनियां Freight on Rate (FOR) पर उर्वरकों की आपूर्ति सुनिश्चित करें। चूंकि वर्तमान में फसल का मुख्य सीजन नहीं है, इसलिए जिला और राज्य स्तर पर उर्वरकों के उचित भंडारण और संरक्षण के निर्देश दिए गए हैं। इस बैठक में प्रदेश के सभी जिलों से 5-5 थोक विक्रेताओं और विभिन्न उर्वरक कंपनियों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।

English Summary: Fertilizer Distribution System Review Patna Meeting on Illegal Tagging Published on: 15 April 2026, 12:20 PM IST

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