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Subtropical Mobile App: सबट्रॉपिकल मोबाइल ऐप लॉन्च, किसानों के साथ ग्राहकों को भी मिलेगा फायदा

किसानों और बागवानों के लिए एक अच्छी खबर सामने आयी है. उत्तर प्रदेश के लखनऊ स्थित केंद्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान (Central Institute for Subtropical Horticulture) के विशेषज्ञों ने हाल ही में एक ख़ास मोबाइल ऐप तैयार की है. यह 'सबट्रॉपिकल मोबाइल ऐप' (Subtropical Mobile App) है जो किसानों और बागवानों को मुनाफा दिलाने में कारगर है ही, साथ ही यह ग्राहकों के लिए भी फायदे का सौदा साबित होगी.

आपको बता दें कि लखनऊ स्थित रहमानखेड़ा के केन्द्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान (ICAR-Central Institute for Subtropical Horticulture) के निदेशक शैलेंद्र राजन (Shailendra Rajan) के मुताबिक यह ऐप किसानों के साथ आम जनता (ग्राहक) के लिए भी उपयोगी है. इस ऐप के माध्यम से किसान और बागवान जहां फल और सब्जियां आसानी से बेच सकेंगे, वहीं ग्राहक भी अपने मन-मुताबिक उत्पाद खरीद सकेंगे. ऐप द्वारा फलों और सब्जियों का ही कारोबार नहीं किया जाएगा बल्कि कई अन्य किसानों द्वारा निर्मित उत्पाद भी इसमें शामिल होंगी.

ग्राहक क्वॉलिटी और किस्मों के मुताबिक खरीद सकेंगे मलिहाबाद के मशहूर आम

इस ऐप की मदद से मलिहाबाद के बागों से गुणवत्तायुक्त आम ग्राहकों तक सीधे पहुंचेंगे. सबट्रॉपिकल मोबाइल ऐप के माध्यम से ग्राहक मनचाही क्वॉलिटी और किस्म के आम भी खरीद सकेंगे.

किसानों को भी मिलेगा सीधा मुनाफा

किसान भी अपनी फसल और उत्पाद की जानकारी इस ऐप पर साझा कर उससे उचित मूल्य प्राप्त कर सकेंगे. इस तरह उन्हें बिचौलियों का सामना नहीं करना पड़ेगा और सौदे का पूरा पैसा भी मिलेगा. इसके साथ ही बागवानी से जुड़े कुटीर उद्योगों को इस ऐप के माध्यम से डिजिटल प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराया जा रहा है. यह ऐप महिलाओं के साथ छोटे स्तर पर मूल्य संवर्धित पदार्थ बनाने वाले उद्यमियों को कई तरह के उत्पाद बेचने में सहायता करती है. 

आपको बता दें कि खेती-बाड़ी के अलावा किसानों का काफी समय फसल को मंडी ले जाने और बेचने में भी लग जाता है. कभी-कभी तो हालत ऐसे भी हो जाते हैं कि ग्राहक न मिलने पर बिक्री भी नहीं होती और उनका समय भी बर्बाद होता है. वहीं कोरोना काल में किसानों के लिए यह और भी मुश्किल हो रहा है. ऐसे में किसानों को मंडी तक फसल ले जाने की समस्या से अब नहीं जूझना पड़ेगा.

तैयार होगी सप्लाई चेन

किसान के खेत में क्या उत्पादित हो रहा है और वह कब उपलब्ध होगा, उसकी मांग कैसी है, इसका भी पता इस ऐप से लगाया जाएगा और इसके बाद नवयुवक उद्यमियों की टीम एक विशेष सप्लाई चेन तैयार करेगी.

ऑर्गेनिक फलों एवं सब्जियों की आपूर्ति श्रृंखला होगी स्थापित

अक्सर यह देखा गया है कि ऑर्गेनिक उत्पादों को बाजार में अच्छी कीमत नहीं मिल पाती है. ऐसा इसलिए क्योंकि अभी ऐसी व्यवस्था नहीं है कि इनकी मांग करने वाले ग्राहकों को प्रमाणित ऑर्गेनिक फल और सब्जियां सही तरीके से उपलब्ध कराई जा सकें. इसके लिए भी इस ऐप के द्वारा भविष्य में ऑर्गेनिक फलों एवं सब्जियों की भी एक आपूर्ति श्रृंखला स्थापित की जाएगी और ऑर्गेनिक उत्पादों को बढ़ावा दिया जाएगा.

खास बात यह है कि संस्थान द्वारा दी गई तकनीक और जानकारी के आधार पर ही मूल्य संवर्धन संभव होगा. साथ ही फलों को सुरक्षित तरीके से पकाने से लेकर उनकी पैकेजिंग और ग्रेडिंग के तरीके अपनाने में भी मदद मिलेगी. संस्थान के मुताबिक अच्छी क्वॉलिटी के फलों और सब्जियों को ग्रेडिंग करके बेचने से ब्रांडिंग के साथ मानक स्थापित करने में आसानी होगी.

अगर आप इस संबंध में अधिक जानकारी लेना चाहते हैं तो आप http://www.subtropical.in/ पर विज़िट कर सकते हैं.

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English Summary: Central Institute for Subtropical Horticulture launched subtropical mobile app beneficial for farmers and customers

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