1. ग्रामीण उद्योग

गर्मियों में खोलें जूस की दुकान, सरकार दे रही है सहायता

कम लागत में अगर आप भी कोई अच्छा व्यापार शुरू करना चाहते हैं, तो जूस की दुकान खोल सकते हैं. वर्तमान में जूस उद्योग मजबूती से आगे बढ़ रहा है. शहरों में तो इसकी मांग सातवें आसमान पर है. इस काम को कई कारणों से लाभकारी माना जा सकता है, जैसे जूस की मांग में बढ़त, स्वास्थ्य के प्रति लोगों में बढ़ती सतर्कता, व्यय करने योग्य आय और बाजार के नए प्रयोग. चलिए आज आपको जूस व्यापार के बारे में बताते हैं.

लागत

इस काम में विशेष लागत की जरूरत नहीं पड़ती है. मुख्य पैसा इस बात पर खर्च होता है कि आप किन-किन फल-सब्जियों का जूस बेचना चाहते हैं. स्थानीय स्वाद और जरूरत के अनुसार जूस की मांग अलग-अलग है. इसके अलावा आपको दुकान खोलने के लिए किसी जगह की भी जरूरत पड़ेगी. आप स्थानीय रेट अनुसार कोई दुकान रेंट पर ले सकते हैं. एक औसत अनुमान लगाया जाए, तो आप 1 लाख के अंदर-अंदर कोई दुकान खोल सकते हैं.

बैठने की जगह

लोगों के बैठने के लिए जगह की व्यवस्था करें. कुर्सियों को खरीदना पड़ेगा, इसके अलावा पंखा,कूलर या एसी लगा सकते हैं. लोगों को प्रभावित करने के लिए हल्के संगीत का भी प्रबंध कर सकते हैं.

मुनाफा

इस काम में मुनाफा आपके काम पर निर्भर है. फिर भी एक औसत अनुमान के मुताबिक 50 हजार के लगभग मुनाफा होने की संभावना है.

प्रधानमंत्री मुद्रा योजना का उठाएं लाभ

इस काम को शुरू करने के लिए आपके पास अगर पैसे नहीं है, तो आप प्रधानमंत्री मुद्रा योजना (PMMY) का लाभ उठा सकते हैं. इस योजना के तहत स्वरोजगार के लिए सरकार आसानी से लोन देती है. खास बात यह है कि मुद्रा योजना के तहत लोन बिना गारंटी के मिलता है और कोई प्रोसेसिंग चार्ज भी नहीं लगता. इसे चुकाने की अवधि को 5 साल तक बढ़ाया जा सकता है.  प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के तहत 10 लाख तक का लोन लिया जा सकता है. योजना की अधिक जानकारी के लिए क्लिक करें.

ये खबर भी पढ़े: अदरक वाली चाय पीने के शौकीन संभल जाए, जानें कैसे ये चाय बन सकती है मीठा जहर !

English Summary: open juice shop with the help of Pradhan Mantri Mudra Yojana know more about this business

Like this article?

Hey! I am सिप्पू कुमार. Did you liked this article and have suggestions to improve this article? Mail me your suggestions and feedback.

Share your comments

हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें. कृषि से संबंधित देशभर की सभी लेटेस्ट ख़बरें मेल पर पढ़ने के लिए हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें.

Subscribe Newsletters

Latest feeds

More News