
पर्यावरण संरक्षण, टिकाऊ खेती और ग्राम्य अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने के उद्देश्य से ईक्विलीब्रीयम प्राइवेट लिमिटेड, सजीवन लाइफ प्राइवेट लिमिटेड और गौधाम महातीर्थ – पथमेडा के संयुक्त तत्वावधान में राजस्थान के प्रतिष्ठित सालरिया गौशाला परिसर में एक भव्य एवं विचारोत्तेजक कार्यक्रम का आयोजन किया गया.
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य श्री कामधेनु गाय अभयारण्य की लगभग 150 हेक्टेयर भूमि पर 2 लाख से अधिक बागायती एवं स्थानिक पौधों के रोपण की आगामी योजना को जनमानस के समक्ष प्रस्तुत करना था. इसके माध्यम से उपस्थित जनसमूह को कार्बन क्रेडिट प्रणाली के महत्व, प्रक्रिया और इससे प्राप्त होने वाले आर्थिक एवं पर्यावरणीय लाभों की विस्तृत जानकारी दी गई.
कार्यक्रम के प्रमुख उद्देश्य:
- पर्यावरण संरक्षण हेतु सामूहिक भागीदारी को प्रोत्साहित करना
- कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने के ठोस उपाय साझा करना
- गौ-आधारित कृषि को बढ़ावा देकर टिकाऊ खेती को प्रोत्साहन देना
- जैव विविधता को बढ़ाना और स्थानीय प्रजातियों की सुरक्षा
- ग्रामवासियों व किसानों के लिए आजीविका के नए अवसर तैयार करना
- अगली पीढ़ी को स्वच्छ और हरित भविष्य देने की दिशा में ठोस पहल
कार्यक्रम में उपस्थित विशिष्टजन
इस विशेष अवसर पर गौशाला के प्रबंधक शिवराज शर्मा एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजेश जी सहित बागवानी विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, अन्य सरकारी विभागों के प्रतिनिधि और ग्रामीण विकास से जुड़े कई सम्माननीय अतिथि उपस्थित रहे.

ईक्विलीब्रीयम प्राइवेट लिमिटेड की ओर से सीनियर मैनेजर मैत्री पटेल और एग्रो फॉरेस्ट्री प्रोजेक्ट मैनेजर पंकज रौथान ने कार्यक्रम को दिशा देने में अहम भूमिका निभाई. वहीं सजीवन लाइफ प्राइवेट लिमिटेड की ओर से डॉ. संजु शर्मा, व्रजलाल राजगोर, आयुषी चतुर्वेदी, घनश्यामभाई गढवी, रोहन पटेल, हरेशभाई और दिनेशभाई समेत अन्य वरिष्ठ प्रतिनिधि मौजूद रहे.
कार्यक्रम में क्षेत्र के आस-पास के गाँवों के सरपंच, कृषि प्रेमी नागरिक और लगभग 150 से अधिक प्रगतिशील किसानों ने सक्रिय रूप से भाग लिया. सभी ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे भविष्य में भी सहयोग देने योग्य कदम बताया.
संवाद और चर्चा सत्र
कार्यक्रम में गौ-आधारित खेती, स्थानीय प्रजातियों एवं औषधीय वृक्षों का चयन, पौधरोपण के वैज्ञानिक तरीके, एवं वृक्षों के रख-रखाव एवं पोषण प्रणाली से संबंधित विषयों पर किसानों के साथ सीधा संवाद सत्र आयोजित किया गया. इस सत्र में विशेषज्ञों ने किसानों के प्रश्नों के उत्तर देकर उनकी शंकाओं का समाधान किया और उन्हें कारगर रणनीतियों से अवगत कराया.

कार्यक्रम का समापन:
कार्यक्रम के अंत में कामधेनु गाय अभयारण्य के प्रबंधक ने कार्यक्रम में आए सभी विशिष्ट अतिथियों, अधिकारियों, वैज्ञानिकों, प्रतिनिधियों और किसानों के प्रति आभार व्यक्त किया.

Share your comments