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सरसों की खेती के लिए नि:शुल्क बीज मुहैया कराएगी सरकार, मिलेंग कई अन्य फायदे

कंचन मौर्य
कंचन मौर्य

हमारे देश के लगभग सभी क्षेत्रों में सरसों की खेती (Mustard farming) मुख्य रूप से की जाती है, जो कि एक प्रमुख तिलहन फसल है. इसकी खेती उत्तर प्रदेश, हरियाणा, राजस्‍थान, मध्‍यप्रदेश और महाराष्‍ट्र के किसानों के लिए प्रमुख है. सरसों की खेती (Mustard farming) की खास बात है कि यह सिंचित और बारानी, दोनों ही अवस्‍थाओं में उगाई जा सकती है. इसी कड़ी में यूपी के किसानों के लिए एक खुशखबरी है. दरअसल, राज्य में 10 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल में सरसों की खेती के लिए नि:शुल्क बीज उपलब्ध कराए जाने की योजना है. इसके साथ ही रबी फसलों के बीज पर्याप्त मात्रा में भी मुहैया कराए जाएंगे. कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही (Agriculture Minister Surya Pratap Shahi) का कहना है कि भारत सरकार सरसों की खेती पर विशेष जोर दे रही है.

आपको बता दें कि देश में 75 हजार करोड़ रुपए का खाद्य तेल आयात किया जाता है. भारत सरकार ने यूपी में 10 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल में सरसों की खेती किए जाने की अपेक्षा की है. बताया जा रहा है कि इस साल सरसों और तिलहन उत्पादन का क्षेत्रफल बढ़ाया जाछएगा. ऐसे में सरसों का रकबा लगभग 2.5 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल बढ़ाने के लिए नि:शुल्क बीज दिए जाएंगे. कृषि मंत्री का कहना है कि राज्य में खाद की कमी नहीं है. ऐस में लगभग 10.27 लाख मीट्रिक टन डीएपी, 7.21 लाख मीट्रिक टन यूरिया, 1.28 लाख मीट्रिक टन एमओपी और 2.57 लाख मीट्रिक टन एनपीके की उपलब्धता सुनिश्चित की जा चुकी है. कृषि मंत्री ने जेम पोर्टल से कृषि रक्षा रसायनों और दवाइयां खरीदने का निर्देश भी दे दिया है. बता दें कि यूपी में लगभग 821 कृषि रक्षा इकाइयां चलाई जा रही हैं.

इतने लाख क्विंटल बीज का इंतजाम

कृषि मंत्री की मानें, तो रबी की मुख्य फसलें जैसे गेहूं, जौ, चना, मटर, मसूर, सरसों और अलसी की खेती के लिए लगभग 49 लाख 50 हजार क्विंटल बीज की ज़रूरत है. इसमें 8 लाख 27 हजार 391 क्विंटल बीज की व्यवस्था सरकारी, सहकारी और अर्द्धसरकारी क्षेत्र के विभाग द्वारा की जाएगी. इसके अलावा  41 लाख 22 हजार 609 क्विंटल बीज की व्यवस्था निजी क्षेत्र द्वारा की जाएगी.

अगर गेहूं की बुवाई की बात करें, तो यूपी में लगभग 100 लाख हेक्टेयर क्षेत्रफल में गेहूं की खेती की जाती है. इसके लिए 7 लाख 64 हजार 768 क्विंटल बीज के वितरण का लक्ष्य सरकारी और उससे जुड़े क्षेत्रों को दिया गया है.

करोड़ों किसानों को सरकारी योजना का लाभ

  • प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत खरीफ सीजन में 6.12 लाख किसानों को 780.77 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया है.

  • रबी सीजन में 3.07 लाख किसानों को 255.05 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया.

  • प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत लगभग 2.14 करोड़ किसानों को 21,888.85 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया है.

इसके अलावा कृषि मंत्री ने बताया है कि यूपी के किसानों के लिए खेत तालाब योजना के तहत 7 हजार  तालाब बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है. इसमें अभी तक 1 हजार से ज्यादा तालाब खोदे जा चुके हैं. इसके लिए लगभग 263 करोड़ रुपए की व्यवस्था की गई है, तो वहीं सितंबर तक 42 हजार यंत्रों की बुकिंग हो चुकी है. अब किसानों को पंजीकरण के लिए पोर्टल भी खोल दिया गया है.

English Summary: Free seeds for mustard cultivation will be provided to UP farmers

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