आपके फसलों की समस्याओं का समाधान करे
  1. ख़बरें

भुगतान में देरी पर किसानों को मिल रहा ब्याज, 10 हजार 769 किसानों ने उठाया लाभ

मनीशा शर्मा
मनीशा शर्मा

Procurement of Wheat

देश के सभी इलाकों में रबी फसलों की कटाई लगभग-लगभग पूरी हो चुकी है, और जिन इलाकों में अभी तक नहीं हुई है, वहाँ पर अंतिम चरण में हैं. जोकि आने वाले कुछ दिनों में पूरा हो जाएगा. बता दें कि गेहूं की कटाई का काम जितना तेजी से चल रहा है.

सरकारी खरीद भी उतना तेजी से हो रही है. नतीजतन हरियाणा सरकार अपने लक्ष्य से सिर्फ 4 लाख मिट्रिक टन पीछे रह गया है. मीडिया में आई खबरों के मुताबिक अधिकारियों का कहना है कि हम जल्द ही अपना लक्ष्य हासिल कर लेंगे और 15 मई तक लक्ष्य से अधिक की खरीद हो जाएगी.

15 मई तक होगी गेहूं की सरकारी खरीद

सरकारी आंकड़ों के अनुसार, हरियाणा में 1 अप्रैल से 27 अप्रैल, 2021 तक 396 मंडी/खरीद केन्द्रों पर कुल 80.23 लाख टन गेहूं आई है.  जिसमें से 75.67 लाख टन गेहूं की खरीद की जा चुकी है. वहीं, 0.96 लाख टन गेहूं की खरीद तो सिर्फ 27 अप्रैल को हुई है.

गौरतलब है कि हरियाणा सरकार ने रबी विपड़न सीजन 2021-22 में 80 लाख मिट्रिक टन गेहूं की खरीद का लक्ष्य रखा है. अभी तक आए आंकड़ों में मंडियों में आने वाले गेहूं की आवक सरकार के लक्ष्य को पार कर गई है. हरियाणा में 15 मई तक गेहूं की सरकारी खरीद होनी है.

7562 करोड़ रुपए किसानों के खाते में भेजे गए

खबरों के मुताबिक, अभीतक 4 लाख 77 हजार 623 किसानों के 8 लाख 39 हजार 451 जे फॉर्म बनाए जा चुके हैं, जिसमें से अब तक लगभग 7562 करोड़ रुपए की अदायगी सीधे किसानों के खातों में की जा चुकी है.

भुगतान में देरी पर किसानों को मिल रहा ब्याज

किसानों की फसल का भुगतान देरी से होने पर 9 फीसदी ब्याज दिया जा रहा है. खरीद एजेंसियों के अधिकारियों को सरकार का सख्त निर्देश हैं कि वे किसानों के खातों में फसल का भुगतान समय पर करें. ऐसा निर्णय प्रदेश में पहली बार लिया गया है. पिछले दिनों सरकार ने भुगतान में देरी होने पर 10 हजार 769 किसानों को 7 लाख 80 हजार रुपए का ब्याज दिया था.

English Summary: ecord government procurement of wheat in Haryana

Like this article?

Hey! I am मनीशा शर्मा. Did you liked this article and have suggestions to improve this article? Mail me your suggestions and feedback.

Share your comments

हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें. कृषि से संबंधित देशभर की सभी लेटेस्ट ख़बरें मेल पर पढ़ने के लिए हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें.

Subscribe Newsletters

Latest feeds

More News