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अधिक प्यास लगना है एक गंभीर बीमारी, जानें इसके लक्षण, कारण और बचाव के उपाय

कंचन मौर्य
कंचन मौर्य

Health

जल हमारे जीवन का आधार है. यह एक ऐसी मूलभूत जरूरत में से एक है, जिसके बिना जीवन जीना संभव नहीं है. अगर हमारे शरीर में पानी की कमी हो जाती है, तो हमें झट से प्यास लगने लगती है. ऐसा ज्यादातर गर्मियों में होता है. अगर आप कोई भी काम कर रहे हैं और आपको प्यास लग ही रही है, तो यह एक सामान्य प्रक्रिया मानी जाती है. मगर क्या आपने कभी सोचा है कि सामान्य से ज्यादा प्यास लगना यानी पानी पीने के बाद भी प्यास नहीं बुझने का क्या कारण हो सकती है. दरअसल, अधिक प्यास लगना भी एक बीमारी हो सकती है या फिर कई अन्य बीमारियों के लक्षण भी हो सकते हैं. आइए आपको इस बीमारी के बारे में पूरी जानकारी देते हैं.

सामान्य से अधिक प्यास लगना क्या है?

इस समस्या को 'पॉलीडिप्सिया' कहा जाता है. अगर यह बीमारी बढ़ जाए, तो इसमें चाहे जितना भी पानी पी लो, प्यास बुझती ही नहीं है. इस स्थिति में व्यक्ति कोई काम सही से नहीं कर पाता रहे हैं.

अधिक प्यास लगने के लक्षण

  • बार-बार पानी पीना

  • पानी पीने के बाद भी प्यास लगना

  • प्यास के कारण मुंह सूख जाना

  • मुंह से निकलने वाली लार और थूक का गाढ़ा होना

अगर शरीर में पानी की कमी है और अधिक प्यास लग रही है, तो उसके लक्षण भी पढ़ लीजिए.

  • पसीना कम आना या नहीं आना

  • पेशाब कम आना

  • आंख से आंसू कम आना या नहीं आना

  • कमजोरी महसूस होना

  • जी मिचलाना

  • मांसपेशियों में ऐंठन

अधिक प्यास लगने के कारण हैं

  • शरीर में पानी की कमी होना.

  • पर्याप्त मात्रा में पानी न पीना

  • व्यायाम करते समय ज्यादा पसीना आना.

  • चाय या कॉफी ज्यादा पीना

  • ज्यादा नमक या मसालेदार खाना खाना

  • अधिक गर्म मौसम में रहना

अधिक प्यास लगने से बचाव के उपाय

  • सुबह-शाम व्यायाम करना चाहिए.

  • शराब न पिएं.

  • धूम्रपान न करें

  • ताजे फल और सब्जियां खाएं.

  • चाय या कॉफी का ज्यादा सेवन न करें.

  • तला हुआ खाना ज्यादा न खाएं.

  • गर्म मौसम में ज्यादा बाहर न निकलें.

  • अगर प्यास लगने की समस्या ज्यादा बढ़ जाए, तो तुरंत डॉक्टर से इलाज करा लें.

English Summary: Excessive thirst is a 'polydipsia' disease, learn its symptoms and preventive measures

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