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2 गज दूरी के अलावा कोरोना से बचाव के लिए प्रतिरोधक क्षमता बेहद जरूरी !

इस समय कोरोना महामारी पूरे देश में लगातार फैलती जा रही है. पूरे विश्व में इसकी रफ्तार लगातार बढ़ रही है और वैश्विक स्तर पर अभी इस पर लगाम नहीं लग पा रही है. इसको रोकने के लिए हर देश अपनी पूरी कोशिश कर रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद इसमें रुकावट नहीं आ रही है. टीका ही इसका इलाज है जिसे आने के लिए अभी काफी समय लग सकता है. ऐसे में इस समय एकमात्र बचाव बताया जा रहा है. इसके लिए जरूरी है कि सोशल डिस्टेंसिंग को हम लोग बनाए रखें और 2 गज दूरी बेहद जरूरी का अनुपालन करें तो निश्चित रूप से काफी हद तक हम इस बीमारी से संक्रमित होने से बच सकते हैं. ऐसा नहीं है कि लोग इस वायरस से संक्रमित होने के बाद ठीक नहीं हो रहे हैं, लेकिन संक्रमित होने के बाद उन्हीं के फिर से स्वस्थ होने की उम्मीद ज्यादा होती है. जिनका प्रतिरक्षा तंत्र मजबूत होता है यहां तक कहा जाता है कि अगर शुरुआत से ही किसी का प्रतिरक्षी तंत्र मजबूत हो तो उसे इस रोग और वायरस से कोई खतरा नहीं होता है. ऐसे में शरीर के प्रतिरक्षा तंत्र को मजबूत करना हर किसी की पहली प्राथमिकता होनी चाहिए. ऐसे में आइए इसके लिए हम सभी लोग मेहनत करें और अपनी अपनी प्रतिक्षा तंत्र को बढ़ाने के लिए क्या प्रभावी तरीके हैं अपनाएं और कोरोना ऐसी महामारी से बचने के लिए अपने को मजबूत करें.

क्या करना चाहिए

प्रतिरक्षा प्रणाली को बढ़ावा देने के बारे में सोचने के बजाय हमें स्वस्थ और संतुलित रखने के बारे में सोचना बहुत जरूरी है. जब यह निर्णय लेना हो की प्रतिरक्षा प्रणाली की मदद के लिए उत्पादों को खरीदना है तो हमें निश्चित संदेश बनाए रखना चाहिए. विटामिन और मिनरल्स उस स्थिति में मदद कर सकते हैं, जब आप किसी विशिष्ट चीज की कमी पर महसूस कर रहे हो. लेकिन यदि आप एक स्वस्थ संतुलित आहार ग्रहण कर रहे हैं और नियमित रूप से व्यायाम कर रहे हैं तो आप प्रतिक्षा प्रतिरक्षा प्रणाली को बेहतर करने के लिए पर्याप्त मेहनत कर रहे हैं. साथ ही यह भी ध्यान रखना चाहिए कि जो हर्बल चीजें हैं उनका अपने खाने में समावेश करेंगे तो निश्चित रूप से आपके  प्रतिरक्षा प्रणाली प्रणाली मजबूत होगी.

खाने में हर्बल विटामिन और मिनरल्स की आपूर्ति बढ़ाएं

हमें अपनी  प्रतिरक्षा प्रणाली को स्वस्थ रखने के लिए विटामिन मिनरल्स की बहुत आवश्यकता होती है जिन लोगों में विटामिन डी जे विटामिन सी की कमी होती है. उन्हें इसे पूरक के रूप में लेने की आवश्यकता हो सकती है. हालांकि भोजन से विटामिन और मिनरल्स अच्छी मात्रा में पाए जा सकते हैं. इसलिए यदि हम पोषक भोजन ले रहे हैं तो संभावना है कि हमें वह पोषण मिल रहा है जिसकी हमें आवश्यकता है यह सुझाव देने के लिए कोई सबूत नहीं है कि विटामिन के स्तर को और अधिक बढ़ाने से यह बीमारियों से लड़ने के लिए अतिरिक्त ऊर्जा देगा लेकिन यह निश्चित है कि यदि आप हर्बल औषधियों का प्रयोग नियमित रूप से करते हैं तो निश्चित रूप से आपकी प्रतिरक्षा प्रणाली  मजबूत होगी.

काफी जटिल है प्रतिरक्षा प्रणाली

कोरोना वायरस से होने वाली मौतों में बड़ी संख्या ऐसे लोगों की है जिनकी प्रतिरक्षा प्रणाली क्षमता कमजोर हो गई है. ऐसे में पूर्णा से लड़ने की हमारी कोशिश कई बार प्रतिरक्षा प्रणाली को बेहतर बनाने पर टिकी रहती है. हालांकि, प्रतिरक्षा प्रणाली बेहद जटिल प्रक्रिया है. और इसे लेकर कई तरह के भ्रम भी हैं. जिन्हें दूर किया जाना जरूरी होता है. यह आम धारणा है प्रतिरक्षा प्रणाली वह है जिसे हम आसानी से प्रभावित कर सकते हैं. हालांकि, उस वक्त संदेह होता है जब हमें पता चलता है कि यह कितना जटिल काम है शिक्षा प्रणाली के सैंकड़ों विभिन्न प्रकार की कोशिकाएं होती हैं जो कई तरह के काम करते हैं चाहे वह लोगों की पहचान करनी हो या उन्हें नष्ट करना होगा. इसके लिए एक विशेष प्रकार की क्रिया शरीर के अंदर होती रहती है.

हमारे पूरे शरीर में हर समय विभिन्न प्रकार के शेर एक दूसरे से बात कर रहे हैं और अभी भी  एक बड़ा हिस्सा है. जिंदगी विभिन्न परम पारीक क्रियाओं को हम नहीं समझ सके हैं. इस क्षेत्र के शोध लगातार जारी हैं और निकट भविष्य में इन क्रियाओं को समझने में सफलता मिल सकती है. विस्तार से अध्ययन करने पर पता चला है कि प्रतीक्षा प्रणाली के मुख्य 2 भाग होते हैं. पहला सहज प्रतिक्रिया और दूसरा अर्जित प्रतिक्रिया सहज प्रतिक्रिया रोगाणुओं को बाहर निकालने के जरिए समस्या पर अपनी प्रतिक्रिया देता है. जिसके कारण हमें बुखार और बेचैनी महसूस हो सकती है. अर्जित प्रक्रिया में रोगाणुओं से लड़ने के लिए उन सेल्स की पहचान की जाती है. जोकि उनसे लड़ने में सक्षम होते हैं. उसके बाद इन सेल्स को लड़ने के लिए भेजा जाता है.

प्रतिरोधक क्षमता को कैसे बढ़ाएं

हम सभी लोगों के लिए इस समय जरूरी है कि अपनी प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करें इसके लिए अपने खान-पान पर विशेष ध्यान देना है. सभी लोगों को चाहिए कि वह खाने में बादाम और अखरोट का सेवन करें. इसके सेवन से शरीर में प्रतिरोधक क्षमता काफी मात्रा में विकसित होती है. इसके अलावा हरे और लाल रंग की सब्जियों का ज्यादा योग करने की आवश्यकता होती है. इन सब्जियों में एंटीऑक्सीडेंट होते हैं जो शरीर को स्वस्थ रखते हैं. फलों का सेवन भी बढ़ाना चाहिए. इसमें जो रसीले फल है वह काफी लाभदायक साबित होते हैं संतरा नींबू और मौसमी का सेवन भी अधिक से अधिक करना चाहिए. जिससे आप की प्रतिरोधक क्षमता काफी मजबूत होगी. इस दौरान डाइटिंग करने की जरूरत नहीं है पौष्टिक आहार लेते रहें साथ यह ध्यान रखें कि खाने को अधिक पकाए नहीं इससे खाने में मौजूद कुछ जरूरी तत्व नष्ट हो जाते हैं. जो शरीर के लिए काफी जरूरी है इसके अलावा कोशिश करें कि गिलोय का पौधा आपके आसपास खड़ा हुआ है, तो उसकी टहनियों को काटकर उबालने और उसके बाद दिन में लगभग 1 बार उसके पानी का सेवन करें तो इसका आपको लाभ मिलेगा.

लेखक : डॉ. आर एस सेंगर, प्रोफेसर

सरदार वल्लभ भाई पटेल एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी, मेरठ

ईमेल आईडी: sengarbiotech7@gmail.com



English Summary: Resistance is very important to defend against Corona except for 2 yards!

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