1. Home
  2. सरकारी योजनाएं

Tarbandi Yojana: अब 2 बीघा जमीन वाले किसानों को भी मिलेगा तारबंदी योजना का लाभ, जानें कैसे उठाएं लाभ?

Tarbandi Yojana Scheme: तारबंदी योजना राजस्थान सरकार द्वारा किसानों को नीलगाय, जंगली सूअर व अन्य आवारा पशुओं से फसलों की सुरक्षा के लिए दी जाने वाली सब्सिडी योजना है, जिसमें 50-70% तक अनुदान दिया जाता है, जिससे कृषि उत्पादन और आय में वृद्धि होती है.

KJ Staff
KJ Staff
Tarbandi Yojana: अब 2 बीघा जमीन वाले किसानों को भी मिलेगा तारबंदी योजना का लाभ
Tarbandi Yojana: अब 2 बीघा जमीन वाले किसानों को भी मिलेगा तारबंदी योजना का लाभ

Tarbandi Yojana: किसानों को आवारा पशुओं और जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा देने के लिए राजस्थान सरकार ने एक महत्वपूर्ण योजना शुरू की है, जिसे 'तारबंदी योजना' कहा जाता है. इस योजना के तहत, किसानों को उनकी कृषि भूमि पर तारबंदी करने के लिए 50-70% तक की सब्सिडी दी जाती है. नीलगाय, जंगली सूअर और अन्य आवारा पशुओं के कारण किसानों की फसल को भारी नुकसान उठाना पड़ता है, जिससे उनकी मेहनत और आर्थिक स्थिति पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है. इस समस्या से निपटने के लिए राजस्थान सरकार ने यह योजना लागू की है, जिससे किसानों को अपनी फसलों की सुरक्षा करने और बेहतर उत्पादन प्राप्त करने में सहायता मिलेगी.

तारबंदी योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों को आर्थिक सहायता देकर उनके कृषि कार्यों को सुरक्षित बनाना और उनकी आय में वृद्धि करना है. ऐसे में आइए इस योजना के बारे में विस्तार से जानते हैं-

क्या है तारबंदी योजना?

तारबंदी योजना राजस्थान (Rajasthan Tarbandi Yojana) सरकार द्वारा किसानों को उनकी फसलें सुरक्षित रखने के लिए दी जाने वाली एक वित्तीय सहायता योजना है. इसके तहत किसानों को उनकी कृषि भूमि की चारदीवारी या तारबंदी करने पर सब्सिडी दी जाती है, जिससे वे आवारा पशुओं और जंगली जानवरों से अपनी फसलों की रक्षा कर सकें.

तारबंदी योजना विशेष रूप से उन किसानों के लिए लाभकारी है, जिनकी फसलें नीलगाय, जंगली सूअर और अन्य जानवरों द्वारा नष्ट कर दी जाती हैं. तारबंदी करने से किसानों की मेहनत सुरक्षित रहती है और उनकी फसलें बर्बाद नहीं होतीं.

योजना का उद्देश्य

  1. नीलगाय, जंगली सूअर और अन्य आवारा पशुओं से फसलों की सुरक्षा.
  2. किसानों को उनकी मेहनत का पूरा लाभ दिलाना.
  3. फसल सुरक्षा के माध्यम से कृषि उत्पादन में वृद्धि करना.
  4. किसानों को आर्थिक रूप से सक्षम बनाना.
  5. ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि को बढ़ावा देना.
  6. किसानों को आत्मनिर्भर बनाना और उनकी आय में स्थिरता लाना.

तारबंदी योजना के तहत अनुदान

इस योजना के तहत कई प्रकार से अनुदान दिया जाता है:

  • लघु एवं सीमांत किसान: 400 रनिंग मीटर तक तारबंदी के लिए 60% या अधिकतम 48,000 रुपये तक की सब्सिडी.
  • सामान्य किसान: 400 रनिंग मीटर तक तारबंदी के लिए 50% या अधिकतम 40,000 रुपये तक की सब्सिडी.
  • सामुदायिक आवेदन: 10 या अधिक किसानों के समूह में न्यूनतम 5 हेक्टेयर भूमि पर तारबंदी करने पर 70% या अधिकतम 56,000 रुपये तक की सब्सिडी.
  • परिधि आधारित तारबंदी: प्रोरेटा आधार पर अनुदान दिया जाएगा.

तारबंदी योजना के लिए पात्रता

  1. इस योजना का लाभ सभी श्रेणी के किसानों को मिलेगा.
  2. पहले व्यक्तिगत और समूह में आवेदन करने वाले किसानों के पास न्यूनतम 1.5 हेक्टेयर भूमि होना जरुरी था, लेकिन कृषि विभाग ने कांटेदार एवं चैन लिंक तारबंदी योजना के लिए वर्ष 2025-26 के लिए लिए दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं. इस वर्ष विभाग ने न्यूनतम जमीन की अनिवार्यता में शिथिलता दी है. अब काश्तकार एक जगह न्यूनतम आधा हैक्टेयर (दो बीघा) भूमि होने पर भी तारबंदी योजना का लाभ लेने के लिए पात्र होंगे.
  3. अनुसूचित जनजाति क्षेत्रों में जोत का आकार कम होने के कारण न्यूनतम 0.5 हेक्टेयर भूमि आवश्यक होगी.
  4. सामुदायिक आवेदन करने वाले किसानों के समूह की भूमि सीमांकित परिधि में होनी चाहिए.
  5. किसान राजस्थान राज्य का निवासी होना चाहिए और उसकी कृषि भूमि राजस्थान में स्थित होनी चाहिए.

तारबंदी योजना की वैधता

यह योजना चालू वित्तीय वर्ष तक मान्य होगी. सरकार समय-समय पर इस योजना में आवश्यक बदलाव कर सकती है.

तारबंदी योजना में कैसे करें आवेदन?

  1. किसान राज किसान साथी पोर्टल पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं.
  2. आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज:
    • आधार कार्ड
    • जन आधार कार्ड
    • भूमि के स्वामित्व का प्रमाण पत्र (छः माह से अधिक पुराना न हो)
    • बैंक खाता विवरण
  3. किसान नजदीकी ई-मित्र केंद्र पर जाकर या खुद भी लिंक से आवेदन कर सकते हैं.
  4. ऑनलाइन आवेदन जमा करने के बाद किसान को आवेदन पत्र की रसीद प्राप्त होगी.
  5. आवेदन पत्र जमा करने के बाद कृषि विभाग द्वारा सत्यापन किया जाएगा.
  6. सत्यापन के बाद किसान को अनुदान राशि उसके बैंक खाते में भेज दी जाएगी.

योजना की प्रमुख विशेषताएं

  1. जिन किसानों का जन आधार पर लघु एवं सीमांत कृषक के रूप में पंजीकरण है, वे ही इस योजना के तहत अनुदान पाने के पात्र होंगे.
  2. यदि जन आधार में लघु या सीमांत किसान की पंजीकरण सुविधा नहीं है, तो आवेदन के समय सक्षम अधिकारी द्वारा जारी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा.
  3. आवेदन करने के बाद कृषि विभाग द्वारा तारबंदी के लिए प्रशासनिक स्वीकृति जारी की जाएगी.
  4. कार्य पूर्ण होने के बाद विभाग द्वारा मौके पर सत्यापन और जियो-टैगिंग की जाएगी.
  5. अनुदान राशि सीधे किसान के बैंक खाते में जमा की जाएगी.
  6. सरकार समय-समय पर इस योजना में बदलाव कर सकती है ताकि किसानों को अधिक लाभ मिल सके.

क्यों जरूरी है तारबंदी योजना?

राजस्थान के किसान लंबे समय से आवारा पशुओं और जंगली जानवरों से होने वाले फसल नुकसान की समस्या का सामना कर रहे हैं. इस कारण उन्हें हर साल भारी नुकसान उठाना पड़ता है. तारबंदी योजना किसानों को इस समस्या से बचाने में मददगार साबित होगी. इससे किसानों की मेहनत सुरक्षित रहेगी और उन्हें अपनी फसल का पूरा लाभ मिलेगा.

अगर आप राजस्थान के किसान हैं और अपनी फसल को आवारा पशुओं से बचाना चाहते हैं, तो तारबंदी योजना आपके लिए फायदेमंद हो सकती है. अधिक जानकारी और आवेदन के लिए राज किसान साथी पोर्टल पर विजिट करें.

English Summary: Tarbandi Yojana farmers having 2 Bigha land benefit of tarbandi scheme update Published on: 03 April 2025, 06:17 IST

Like this article?

Hey! I am KJ Staff. Did you liked this article and have suggestions to improve this article? Mail me your suggestions and feedback.

Share your comments

हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें. कृषि से संबंधित देशभर की सभी लेटेस्ट ख़बरें मेल पर पढ़ने के लिए हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें.

Subscribe Newsletters

Latest feeds

More News