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घर बैठे ही मिलावटी दाल की जांच कर पाएंगे किसान, PUSA ने बताया ये खास तरीका

अब आप भी घर बैठे आसानी से दाल की गुणवत्‍त्‍ता की जांच कर सकते हैं. पूसा यानी इंडियन एग्रीकल्‍चर रिसर्च इंस्‍टीट्यूट ने इसकी जांच का आसान तरीका बताया है.

बृजेश चौहान
घर बैठे ही मिलावटी दाल की जांच कर पाएंगे किसान
घर बैठे ही मिलावटी दाल की जांच कर पाएंगे किसान

बाजार में खाद्य संबंधी चीजें खरीदते समय, लोगों के मन में उसकी गुणवत्‍त्‍ता को लेकर कई तरह के सवाल आते हैं. ऐसा इसलिए, क्योंकि इन दिनों खाने-पीने से जुड़ी चीजों में मिलावट आम हो गई है. रोजना घरों में बनने वाली दाल भी इससे अछूती नहीं है. ऐसे में दाल की गुणवत्‍त्‍ता पर हमेशा सवाल बना रहता है. लेकिन, लोगों के मन में सबसे पहला सवाल यही आता है इन चीजों की गुणवत्‍त्‍ता की जांच कैसे करे. क्योंकि, लैब में खाने-पीने से जुड़ी चीजों में मिलावट की जांच करना हर किसी के लिए संभव नहीं है.

पैदावार पर पड़ता है असर 

अगर आपके मन में भी यही सवाल आता है तो आपके लिए अच्छी खबर है. अब आप घर बैठे ही आसानी से दाल की गुणवत्‍त्‍ता की जांच कर सकते हैं. पूसा यानी इंडियन एग्रीकल्‍चर रिसर्च इंस्‍टीट्यूट ने इसकी जांच का आसान तरीका बताया है. दरअसल, आईआरआई-पूसा ने ये तरीका किसानों के लिए बताया है. ताकि, वे खेती के दौरान दाल के बीजों की गुणवत्‍ता का जांच सकें. मिलावटी दाल के चलते कई बार बीज अंकुरित नहीं होते और किसानों को अच्छी पैदावर नहीं मिल पाती. लेकिन, अब किसान घर बैठे ही दाल की जांच कर पाएंगे. किसानों के अलावा आम लोग भी इस तरीके का इस्तेमाल करने दाल की क्वालिटी चेक कर सकते हैं.

कैसे करें गुणवत्‍त्‍ता की जांच

आईआरआई-पूसा के अरहर दाल विभाग के वैज्ञानिक डॉ. सी. भारद्वाज ने कहा कि दाल की गुणवत्ता की जांच करना आम लोगों के साथ किसानों के लिए भी आवश्यक है. इसके लिए लोगों को इसे जांचने के लिए लैब जाने की जरूरत नहीं है. उन्होंने बताया कि दाल के 100 बीज को लेकर गीली तौलिया में बांधकर रख दें. इसको ऐसी जगह रखें, जहां हवा और धूप दोनों मिलते रहें. सात से आठ दिन बाद इसे खोलकर यह गिनना चाहिए कि इसमें कितने बीज अंकुरित हुए हैं. अच्‍छी गुणवत्‍ता वाले बीज अगर है तो 98 बीज को अंकुरित होना चाहिए और इससे कम हैं, तो गुणवत्‍ता में कमी है.

किसान भाई भी इसी तरह दाल के बीज की गुणवत्‍ता जांच सकते हैं. इससे फसल में होने वाले नुकसान से बचा जा सकता है. हां, अगर ऐसी स्थितियां हैं कि इसी तरह का बीज ही उपलब्‍ध है तो बीज बोने समय इसकी मात्रा बढ़ा देनी चाहिए. इससे फसल होने के बाद पैदावार में कमी नहीं आएगी.

English Summary: Ghar par dal me milawat kaise pata kare how to check adulteration in pulses Published on: 20 March 2024, 03:04 PM IST

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