1. ग्रामीण उद्योग

गोबर से बनी टाइल्स से होंगे ये फायदे

हेमन्त वर्मा
हेमन्त वर्मा

गोबर से टाइल्स भी तैयार की जा सकती है. जी हाँ अब गोबर से टाइल्स बनाई जा सकती है और यह बिजनेस ग्रामीण क्षेत्र में रोजगार सम्बन्धी एक बेहतर विकल्प साबित हो सकता है. गोबर से निर्मित टाइल्स खूबसूरत होने के साथ साथ कई तरह की विशेषतायुक्त होती हैं. इसकी टाइल्स कमरे में एयर कंडीशन की तरह का काम भी करेगी. ये गोबर से निर्मित टाइल्स गर्मी के मौसम में ऊष्मा को शोषण करने की अपनी काबलियत के कारण कमरे का तापमान ज्यादा बढ्ने नहीं देती है. यह टाइल्स कमरे का तापमान मे 6 से 8 डिग्री सेल्सियस तक कम कर देती है, यह बिजनेस गांव और शहर, दोनों जगह के लोग आसानी से शुरू कर सकते हैं.

गोबर की टाइल्स के फायदे (Benefits of cow dung tiles)

ये टाइल्स चूंकि गोबर से निर्मित होती है अतः इसमें सूक्ष्म छिद्र होते है जिससे प्रदूषित वायु को सोंख लिया जाता है. घर में मौजूद कई प्रकार के इलेक्ट्रोनिक उपकरण होते है विशेष रूप से मोबाइल फोन, इनसे निकलने वाली रेडियशन को ये गोबर की टाइल्स अवशोषित कर लेती है. इस टाइल्स पर यदि नंगे पैर टहला जाये तो पैरों को गर्मी में ठंडक मिलती है. यह टाइल्स बिजली बचत करने में भी सहायक है क्योंकी इससे गर्मी में तापमान कम रहता है जिससे तापमान को कम करने के ज्यादा प्रयास नही करने पड़ते है.

गोबर टाइल्स का बिजनेस (Dung tiles business)

यह बिजनेस विशेषकर ग्रामीण क्षेत्र में अपनाकर अच्छा मुनाफा कमाया जा सकता है. घर बनाने के लिए जो टाइल्स इस्तेमाल होती है, उसमें ऊष्मा को अवशोषण करने की शक्ति सकती नही होती मगर गोबर से बनी टाइल्स में यह खूबी होती है, जिससे कमरे के तापमान को कम करने में बेहद कारगर साबित होती है, इस बिजनेस में गोबर से बनी टाइल्स का निर्माण करना होगा और ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में बेचना होगा.

बिजनेस की लागत (Cost of business)

इस बिजनेस में कम लागत में शुरू किया जा सकता है, इसके लिए हमें एक फैक्टरी किराए पर लेनी होगी जहां काम किया जा सके, खुद की जमीन होने पर लागत में भी कमी आना स्वाभाविक है, ग्रामीण और शहरी क्षेत्र में इसकी लागत में अन्तर देखने को मिलेगा, क्योंकि शहरी क्षेत्र में बिजली, पानी और जगह के लिए ज्यादा खर्च उठाना पड़ेगा, यहां पर गोबर को अच्छी तरह से सुखना पड़ेगा उसके बाद गोबर का चुरा करने की मशीन लगानी पड़ेगी, घर पर यह टाइल्स लगाने के लिए एक वर्ग फुट एरिया में इसकी लागत 15 से 20 रुपए आती है, इस बिजनेस को शुरू करने में 50 हजार से 1 लाख रुपए तक की लागत लग जाएगी, इस मशीन की अधिक जानकारी के लिए https://bit.ly/3ia6qtN वेबसाइट पर देखी जा सकती है.

कैसे बनाएं गोबर की टाइल्स (How to make dung tiles)

पशु के गोबर को सबसे पहले लगभग 2 दिन तक सुखाया जाता है, इसके बाद चुरा करने की मशीन में गोबर को डाला जाता है, शुद्धता और ठंडक प्रदान करने के लिए तैयार चूरे में चंदन पाउडर, कमल के पत्ते, नील गिरी के पत्ते मिलाये जाते हैं, इसी तरह मिलाये गए मिश्रण का गीला पेस्ट तैयार करना होगा, जिसको आवश्यकतानुसार सांचे के आकार में डालना होगा, अब इन सांचो से ब्रिक्स तैयार होगी जो सूखने पर टाइल्स का काम करेगी.

सम्पर्क सूत्र (For Contact)

गोबर की बनी टाइल्स खरीदने के लिए श्री राम दरबार, खारी खोटी, असलपुर, जयपुर राजस्थान पर जाकर सम्पर्क किया जा सकता है, या 08048984634 पर भी सम्पर्क किया जा सकता है.

English Summary: Specification of Dung tiles

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