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कैंसर से जूझ रही महिलाओं के लिए अब जड़ी-बूटियों के मिश्रण से तैयार होगी दवा, जानें इसकी खूबियां

सचिन कुमार
सचिन कुमार

अपनी सौंदर्यता के लिए समस्त देश में विख्यात जम्मू-कश्मीर में कुछ ऐसी जड़ी बूटियों के बारे में पता चला है, जिससे कैंसर से जूझ रही महिलाओं को नई जिंदगी मिल सकती है. इन जड़ी बूटियों में खूबियों का ऐसा विशाल भंडार समावेश है, जो कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी का जड़ से खात्मा कर मरीज को नई जिंदगी अदा कर सकती है. फिलहाल, अभी यह जड़ी बुटी अपने शोध के आखिरी पड़ाव पर है, जिसे मुकम्मल कर यह मरीजों को नई जिंदगी अदा करने के लिए तैयार हो जाएगी. 

यहां हम आपको बताते चले कि जम्मू-कश्मीर की पहाड़ियों में 10 तरह की जड़ी बूटियों के बारे में पता चला है, जो कैंसर मरीजों के उपचार के लिए कारगर साबित हो सकती है. केंद्र सरकार ने इसे अपने शोध में पूरी तरह सफल करार दे दिया है. अब आगामी अप्रैल माह में इस पर दवाई बनाने की कवायद शुरू हो जाएगी. केंद्र सरकार के मुताबिक, इन जड़ी बूटियों से दवाई बनाने की पूरी रूपरेखा तैयार की जा चुकी है. इसके लिए केंद्र की तरफ 10 करोड़ रूपए आवंटित किए जा चुके हैं. इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंटेग्रेटिव मेडिसिन (आईआईआईएम)- काउंसिल ऑफ साइंटिफिक एंड इंडस्ट्रियल रिसर्च ने दवाई बनाने हेतु केंद्र सरकार के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है.  बताया जा रहा है कि अगर यह शोध सफल रहा तो यकीनन यह कैंसर से जूझ रही महिलाओं के लिए बड़ा जीवनदायक साबित होगी.

देश में कैंसर पीड़ित महिलाओं का हाल

यहां हम आपको बताते चले कि देश में कैंसर से जूझ रही महिलाओं की संख्या में आए दिन इजाफे का सिलसिला जारी है, जिसके मद्देनजर केंद्र सरकार द्वारा शुरू की गई यह पहल अभी खासा चर्चा में है. उचित उपचार के अभाव में अनेकों महिलाएं कैंसर से जंग लड़ते-लड़ते दम तोड़ देती है.    

इन जड़ी बूटियों से तैयार होगी दवा 

जम्मू-कश्मीर के जिन जड़ी बूटियों में कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी का तोड़ निकला है, उसमे क्रमश: कंरु, टेक्टस, जुखाल, बनकंडी, पोरथियस, सदाबहार फूल, भांग शामिल है. इन जड़ी बूटियों में कैंसर जैसी बीमारियों का उपचार करने की क्षमता के बारे में पता चला है.

English Summary: The Cancer medicine will be made by the herds

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