News

जनता कर्फ्यू क्या तोड़ पाएगा 14 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण की चेन?

देश के नागरिकों को कोरोना वायरस के कहर से बचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 22 मार्च को जनता कर्फ्यू की अपील की है. उन्होंने सभी लोगों से आग्रह किया है कि 22 मार्च को देशवासी जनता कर्फ्यू का समर्थन करें. माना जा रहा है कि पीएम मोदी की यह पहल काफी हद तक कोरोना वायरस से लड़ने में मदद करेगी. इसके चलते ही पीएम मोदी ने देशवासियों को 22  मार्च को सुबह 7 बजे से 9 बजे तक जनता कर्फ्यू का पालन करने के लिए कहा है. बता दें कि जनता कर्फ्यू देशवासियों के हित के लिए ही लगाया गया है. इस पहल को व्यापक समर्थन भी मिल रहा है.

क्य़ों जरूरी है जनता कर्फ्यू?

जनता कर्फ्यू को खासकर दो मायनों में बहुत अहम माना जा रहा है.

वातावरण में फैले कोविड-19 के वायरस का कम होना- पीएम मोदी की इस पहल से वातावरण में कोविड-19 के वायरस काफी हद तक कमजोर होंगी. इस तरह के संदेश सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहे हैं कि कोरोना वायरस करीब 12 घंटे में खत्म हो सकता है. अगर 14 घंटे जनता कर्फ्यू रहा, तो इसकी चेन टूट जाएगी. इस तरह कोरोना वायरस का संक्रमण काफी हद तक कम हो जाएगा. हालांकि इस तरह का कोई दावा विशेषज्ञ नहीं कर रहे हैं. 

आने वाले कठिन दिनों की तैयारी- माना जा रहा है कि 22 मार्च को जनता कर्फ्यू से अंदजा लगाया जायेगा कि पीएम मोदी की यह पहल कितना जोर पकड़ती है. इस पहल को देशवासियों को कितना समर्थन मिलता है. 

इन दोनों स्थितियों को देखकर साफ हो जाएगा कि कोरोना वायरस से बचने के लिए सतर्कता बहुत जरूरी है. देशवासियों को जनता कर्फ्यू आने वाली चुनौती के लिए मजबूत बनाएगा. 

कोरोना वायरस से जुड़ी खास बातें

  • यह खुली हवा और किसी वस्तु पर जिंदा रह सकता है.

  • यह एक स्वास संबंधी बीमारी है जो संक्रमित व्यक्ति के छींक, खांसी और  थूक से हवा द्वारा फैलता है.

  • कोरोना वायरस किसी भी सतह पर कितनी देर तक टिका रह सकता है. यह जगह के तापमान और आर्द्रता पर निर्भर करता है.

विशेषज्ञों के मुताबिक...

  • माना जा रहा है कि सार्स जैसा वायरस किसी सतह पर कई दिनों तक रह सकता है, लेकिन कोरोना वायरस कुछ घंटे या फिर कुछ दिनों तक रह सकता है.

  • कोरोना वायरस करीब 20 डिग्री तापमान में स्टील की परत पर करीब 2 दिन तक टिक सकता है. मतलब बस या मेट्रो में सफर करते हुए खासतौर पर सावधानी बरतें, क्योंकि इसके दरवाजे, हैंडल और पिलर स्टील के बने होते हैं.

  • कोरोना वायरस 20 डिग्री तापमान में शीशे या लकड़ी की सतह पर 4 दिन तक सकता है.

  • इस तरह ठोस धातु, प्लास्टिक या मिट्टी के बर्तनों की सतह पर 5 दिन तक जिंदा रहता है. इसके अलावा रबर की सतह पर करीब 8 घंटे तक टिक सकता है. 

  • अगर कोरोना वायरस किसी सतह पर मौजूद है, तो किसी भी व्यक्ति को अपनी चपेट में ले सकता है.

  • इसका संक्रमण मोबाइल फोन में शीशा, प्लास्टिक और एल्युमिनियम पर भी फैलता सकता है.

  • अब जरूरी है कि हर व्यक्ति स्वास्थ्य विभाग और एजेंसियों के दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करे. पीएम मोदी की अपील यानी जनता कर्फ्यू को गंभीरता से लें. अगर आप सतर्क और संयमित रहेंगे, तो खुद भी स्वस्थय रखेंगे, साथ ही अपनी परिवार और आसपास के लोगों को भी स्वस्थ रख पाएंगे. इसके साथ कोरोना वायरस के मरीजों की सेवा कर डॉक्टर, कर्मचारी समेत तमाम उन लोगों के लिए शाम 5 बजे 5 मिनट के लिए आस्था और विश्वास के साथ ताली, थाली, घंटी बजाएं.

ये खबर भी पढ़ें: Coronavirus Impact: भारतीय कृषि उत्पादों की बढ़ सकती है मांग



English Summary: public curfew will break the corona virus infection chain

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

आप हमें सहयोग जरूर करें (Contribute Now)

Share your comments


Subscribe to newsletter

Sign up with your email to get updates about the most important stories directly into your inbox

Just in