News

जॉनसन बेबी शैंपू क्वालिटी टेस्ट में फेल, पाए गए कैंसर फैलाने वाले जानलेवा तत्व

अगर आपके घर में भी छोटे बच्चे है और आप भी उनके लिए रोज़ाना जॉनसन एंड जॉनसन (J & J) के प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करते हैं, तो अब रुक जाइए, क्योंकि हाल ही में आई रिपोर्ट से पता चला है कि जॉनसन एंड जॉनसन बेबी शैंपू के नमूने क्वालिटी टेस्ट में फेल हो गए हैं. जिस वजह से अब राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने जॉनसन एंड जॉनसन बेबी शैम्पू की अब बिक्री पर रोक लगाने के आदेश दिए है.

प्रॉडक्ट्स में मिले खतरनाक कैमिकल्स

राजस्थान ड्रग्स कंट्रोल ऑर्गनाइजेशन द्वारा 5 मार्च 2019 को जारी नोटिस में बताया गया था कि डॉक्टरों द्वारा लिए 2 जॉनसन बेबी शैंपू के नमूने अब क्वालिटी टेस्ट में फेल हो गए हैं. क्योंकि उनमें 'हानिकारक तत्व' मिले है, जो कि बच्चों की सेहत के लिए काफी नुकसानदेह हैं.

प्रोडक्ट में मिले कैंसर के तत्व

इस कदम को ड्रग्स रेगुलेटर की तरफ से जॉनसन एंड जॉनसन के खिलाफ लगाए गए आरोप के बाद से ही उठाया गया. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, यह कंपनी 100 साल से भी ज्यादा पुरानी है. इस कंपनी के प्रोडक्ट्स में कैंसर पैदा करने तत्व शामिल हैं. जिस वजह से इसके फैक्ट्री से बेबी पाउडर का सैंपल भी एकत्र कर लिया है.

क्वालिटी टेस्ट में फेल रहा शैंपू

पहले इस कंपनी के बेबी पाउडर में  कैंसर के तत्व मिले थे. अब इसके बेबी शैंपू का क्वालिटी टेस्ट भी फेल रहा है. रिपोर्ट के अनुसार, इसके बेबी पाउडर के नमूनों में फॉर्मल्डिहाइड (यह एक जैविक तत्व है, जिसका प्रयोग लकड़ी पर की जाने वाली केमिकल कोटिंग, बिजली के उपकरणों, भवन निर्माण सामग्रियों आदि में किया जाता है) नामक तत्व पाए गए, जोकि आमतौर  पर दवाइयां बनाने के लिए प्रयोग किए जाते है. जिससे छोटे बच्चों में कैंसर का खतरा बढ़ जाता है. हालांकि, इस कंपनी के प्रवक्ता ने इस जांच के परिणाम को गलत ठहराया था.

जॉनसन एंड जॉनसन का दावा

हिमाचल प्रदेश से सैंपल लेने पर कंपनी ने अपनी तरफ से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है. हालांकि मंगलवार को कंपनी ने ये दावा किया था कि बेबी पाउडर में कैंसर के तत्व पाए जाने वाली खबर महज एकतरफा और गलत है. कंपनी ने यह भी कहा कि एक लाख से ज्यादा बच्चों पर किए गए रिसर्च में भी किसी को कैंसर होने के कोई प्रमाण नहीं मिले हैं. यह जो भी है सब झूठ है.



Share your comments