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अम्फान के बाद एक और चक्रवात की संभावना, फसलों को होगा भारी नुकसान

कोरोना काल में लॉकडाउन की मार झेल रहे किसानों के लिए समस्याएं कम होती दिखाई नहीं दे रही. पहले से ही घाटा सह रहे किसानों को चक्रवात का डर सताने लगा है. पश्चिम बंगाल एवं ओडिशा में आए चक्रवात तूफान के कारण किसानों के नुकसान की खबरे अभी चल ही रही थी कि अचानक अब केरल के निकट अरब सागर में एक और चक्रवात के आने की प्रबल संभावना बन रही है. लिहाजा वहां के किसानों अब चिंता में आ गए हैं.

गुजरात में होगा अधिक नुकसान

विशेषज्ञों के मुताबिक केरल के निकट अरब सागर में बनने वाले चक्रवात का प्रभाव सबसे अधिक गुजरात पर पड़ेगा. यहां 5.8 किमी साइक्लोनिक सर्कुलेशन पैटर्न बन रहा है, जो अगले 5 दिनों में भयंकर चक्रवात का रूप लेकर गुजरात के पोरबंदर और सौराष्ट्र आदि क्षेत्रों में भारी तबाही मचा सकता है. 80 किमी प्रतिघंटा की गति से भी तेज चलने वाली हवाओं के कारण किसानों की पूरी मेहनत तहस-नहस हो सकती है.

अगले पांच दिन महत्वपूर्ण

भारतीय मौसम विभाग के मुताबिक चक्रवात को लेकर फिलहाल कुछ भी सपष्ट कहना कठिन है, लेकिन अगर अगले पांच दिनं में स्थिती नहीं बदली तो भयंकर चक्रवात के आने का अंदेशा है. फिलहाल 30 मई के बाद ही कुछ भी कहना सही होगा, लेकिन लोगों को सचेत रहने की जरूरत है.

इन क्षेत्रों में हुआ अधिक नुकसान

गौरतलब है कि अम्फान के कारण अभी कुछ दिनों पहले ही पश्चिम बंगाल के सुंदरबन, हिंगलगंज एवं हुगली आदि जगहों पर किसानों को भारी नुकसान हुआ था. वहीं ओडिशा में भद्रक एवं उसके आस-पास के क्षेत्रों में आम के पेड़ तबाह हो गए थे.

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English Summary: high possibilities of cyclone in Arabian sea storm will hit gujarat and these areas

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