अगर आप अमीर बनने का प्लान बना रहे हैं और एक अच्छे बिजनेस की तलाश कर रहे हैं, तो फिर यकीन मानिए, सूअर पालन आपके लिए एक अच्छा बिजनेस साबित हो सकता है. चौंक गए न आप...अब आपके जेहन में यह सवाल उठा रहा होगा कि आखिर कोई सूअर पालन करके चंद समय में ही कैसे धनकुबेर बन सकता है?
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सुअर पालन में है खेती से ज्यादा कमाई
केंद्र सरकार किसानों की आय को बढ़ाने के लिए प्रयास कर रही है.इसके लिए बहुत से प्रयास भी किये जा रहे है और योजनाए लागू की जा रही है. किसनों…
जी हां...आपका यह सोचना मुनासिब है, लेकिन अगर आपने हमारे इस रिपोर्ट में दी गई अहम जानकारियों को अपने जीवन में लागू कर लिया, तो यकीन मानिए आपको दुनिया की कोई भी ताकत धनकुबेर बनने से नहीं रोक सकती है.
कुछ धारणाएं, जो अब हो रही हैं गलत
यहां हम आपको बताते चले कि कल तक हमारे समाज में सूअर पालन को लेकर कुछ धारणाएं थी, जो अब गुजरते वक्त के साथ ध्वस्त होती जा रही है.सूअर पालन के संदर्भ में शुरू से ही यह कहा जाता रहा है कि यह कारोबार महज छोटी जाति के लोगों के द्वारा ही किया जाता है, लेकिन अब ऐसा नहीं है. अब तो यह लोगों की आर्थिक उन्नति का जरिया बन चुका है.
तो इसलिए फायदेमंद है यह कारोबार
कम पूंजी में ज्यादा मुनाफा: अर्थ के लिहाज से सूअर पालन का कारोबार बेहद फायदेमंद माना जाता है, वो इसलिए चूंकि सूअर पालन करने के लिए आपको ज्यादा पूंजी की आवश्यकता नहीं होगी. राष्ट्रीय सूकर अनुसंधान केंद्र के मुताबिक, आप तकरीबन 50 हजार रूपए की पूंजी से यह कारोबार शुरू कर सकते हैं. वहीं, अगर इसके एवज में कमाने वाले मुनाफे की बात करें, तो वो भी बहुत शानदार है. चूंकि, सूअर पालन के कारोबार के संचालन में भी बहुत कम पूंजी की आवशयकता होती है. सूअर पालन करने में आपको ज्यादा धन की जरूरत नहीं पड़ेगी. चूंकि, सूअर अपशिष्ट पदार्थों खाकर ही अपना पेट भर लेते है, लेकिन अन्य जानवर को पालने में ऐसा नहीं होता है.
तीव्र वृद्धि : इसके साथ ही सूअर पालन का सबसे बड़ा लाभ यह है कि सूअर के बच्चे कम अवधि में ही विकसित हो जाते हैं. इनके अंदर वृद्धि करने की अद्भुत क्षमता होती है. अन्य जानवरों में वृद्धि होने में बहुत ही ज्यादा समय लगता है, लेकिन सूअर पालन बहुत ही कम समय में वृद्धि करने लग जाते हैं. वहीं, एक सूअर का बच्चा महज 7 से 8 माह में प्रजनन क्षमता को विकसित कर लेता है.
प्रजनन क्षमता: वहीं, उनके प्रजनन क्षमता की बात करें, तो विशेषज्ञों के मुताबिक, एक मादा सूअर महज 114 से 115 दिनों में तकरीबन 6 से 7 बच्चे को जन्म दे देती हैं, जो कि एक कारोबारी के लिए अर्थ के लिहाज से बहुत लाभदायक है.
अत्याधिक मात्रा में मांस: सूअर में अत्याधिक मात्रा में मांस प्राप्त होता है. समान्यत: अगर सूअर का वजन 100 किलोग्राम है, तो आप उससे 60 से 70 किलो मांस प्राप्त कर सकते हैं. लिहाजा, बतौर मांस विक्रेता भी आप सूअर पालन कर अच्छा खासा मुनाफा कमा सकते हैं.
सूअर पालन करते समय रखें इन बातों का ध्यान
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अगर आप सूअर पालन करने जा रहे हैं, तो आपको कुछ बातों का ध्यान रखना होगा, जो हम आपको अपनी इस खास रिपोर्ट में बताने जा रहे हैं-
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एक साफ और सुरक्षित जगह का चयन कर लें. ध्यान रहे कि आप जिस जगह का चुनाव करने जा रहे हैं, वहां लोगों का ज्यादा आवागमन न हो.
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कोशिश करें कि आपको ग्रामीण इलाके में जगह मिल जाए, चूंकि इन इलाकों में मजदूर सस्ती दर पर मिल जाती हैं.
सूअर के कुछ प्रमुख नस्लें
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लार्ज वाइट लार्कशायर
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मिडल वाइट लार्कशायर
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लैंडरस
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हैंपशायर
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स्वदेशी किस्म
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एचएक्स 1
नोट: अधिक जानकारी के लिए आप राष्ट्रीय सूअर अनुसंधान केंद्र से संपर्क कर सकते हैं।
संपर्क नंबर: 1800 180 1551
English Summary: How to earn lakh of rupees form pig farmingPublished on: 09 March 2021, 01:28 ISTMore on this section
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