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Cotton Cultivation: कपास उत्पादन बढ़ाने के लिए 3000 की सब्सिडी, जानिए कैसे उठाएं इस अनुदान का लाभ

सूत्रों के अनुसार हरियाणा सरकार की ओर से कपास की खेती के लिए किसानों को प्रति एकड़ 3 हजार रुपए का अनुदान दिया जाएगा. राज्य सरकार के इस निर्णय से प्रदेश के कपास उत्पादक किसानों को लाभ होगा.

डॉ. अलका जैन
डॉ. अलका जैन
कपास उत्पादन के लिए सब्सिडी
कपास उत्पादन के लिए सब्सिडी

हरियाणा सरकार ने प्रदेश में देसी कपास का उत्पादन बढ़ाने का स्वागत योग्य फैसला लिया है. हरियाणा सरकार राज्य में देशी कपास का उत्पादन करने वाले किसानों को सहायता राशि उपलब्ध कराएगी ताकि उन्हें कपास उत्पादन में कोई परेशानी नहीं आए.

कितना होगा अनुदान 

सूत्रों के अनुसार हरियाणा सरकार की ओर से कपास की खेती के लिए किसानों को प्रति एकड़ 3 हजार रुपए का अनुदान दिया जाएगा. राज्य सरकार के इस निर्णय से प्रदेश के कपास उत्पादक किसानों को लाभ होगा. बता दें कि हरियाणा में मुख्यत: तीन प्रकार के कपास के बीजों का इस्तेमाल किसानों द्वारा किया जाता है- 

  • नरमा

  • बीटी कॉटन 

  • देशी कपास

सामान्यता प्रदेश में कपास के सभी बीजों की बिजाई 15 अप्रैल से शुरू हो जाती है. इसे देखते हुए हरियाणा सरकार किसानों को बिजाई से पहले उन्हें आर्थिक मदद उपलब्ध करा दी है  ताकि प्रदेश में कपास का उत्पादन बढ़ाया जा सकें. 

हरियाणा सरकार की योजना: एक दृष्टि 

सरकार की ओर से अब देसी कपास का रकबा बढ़ाने के लिए किसानों को तीन हजार रुपए प्रति एकड़ व समेकित कीट प्रबंधन एवं एकीकृत पोषक तत्व प्रबंधन के लिए एक हजार रुपए प्रति एकड़ अनुदान देने का प्रावधान किया है. किसानों को उच्च क्वालिटी का बीज उपलब्ध करवाने के लिए कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं. 

19.25 एकड़ क्षेत्र में कपास की बिजाई का है लक्ष्य

हरियाणा में कपास खरीफ सीजन में उगाई जाने वाली एक प्रमुख नकदी फसल है. 2022 में कृषि विभाग की ओर से प्रदेश में 19.25 एकड़ क्षेत्र में कपास की बिजाई का लक्ष्य है जो पिछले वर्ष से अधिक है. पिछले वर्ष प्रदेश में करीब 15.90 एकड़ में कपास की खेती की गई थी. 

कहाँ होती है प्रदेश में कपास की खेती 

प्रदेश के सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, जींद, सोनीपत, पलवल, गुरूग्राम, फरीदाबाद, रेवाड़ी, चरखी, दादरी, नारनौल, झज्जर, पानीपत, कैथल, रोहतक ओर मेवात जिलों में प्रमुख रूप से कपास की खेती की जाती है. कृषि विभाग ने की 60 लाख पैकेट बीटी कपास के बीजों की व्यवस्था कर दी है. 

ये भी पढ़ें: Cotton Cultivation:  कपास की खेती में पोषण प्रबंधन कैसे करें, जानिये ICL एक्सपर्ट के साथ

25 अप्रैल से शुरू हो चुके हैं कपास पर अनुदान के लिए रजिस्ट्रेशन

कपास की खेती करने वाले किसान भाई जो अनुदान प्राप्त करना चाहते हैं उन्हें 'मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल' पर रजिस्ट्रेशन कराना होगा. किसान अनुदान प्राप्त करने के लिए 25 अप्रैल से 31 मई तक योग्य हैं. 

अनुदान की प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेज 

किसान, पोर्टल के लिंक https://fasal.haryana.gov.in/ पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं. 

आवश्यक दस्तावेज : 

-आवेदन करने वाले किसान का आधार कार्ड

-आवेदन करने वाले किसान का पहचान-पत्र

-आवेदन करने वाले किसान का निवास प्रमाण-पत्र

-खेत की जमीन के कागजात 

-आवेदक का आधार से लिंक पंजीकृत मोबाइल नंबर

बैंक खाता विवरण (बैंक पासबुक की कॉपी और 

आवेदन करने वाले किसान का पासपोर्ट साइज फोटो)

फॉर्म में पूछी गई सभी जानकारी भरने के बाद इसे सब्मिट कर दें. इस तरह आपकी मेरी फसल मेरा ब्यौरा पार्टल पर रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी.  

English Summary: Cotton Cultivation: Subsidy of 3000 to increase cotton production Published on: 17 May 2022, 11:55 IST

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