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Updated on: 16 September, 2026 12:00 AM IST
बारिश में बढ़ सकता है गाय-भैंसों में इन बीमारियों का खतरा जानें कैसे करें बचाव (Image Source-shutterstock)

बदलता मौसम जितना इंसानों को नुकसान पहुंचाता है उससे कहीं अधिक गाय-भैंस जैसे दुधारू पशुओं के लिए कई बीमारियां लेकर आता है. सिंतबर में मौसम बदलते ही पशओं में कई परेशानी देखने को मिल ही जाती है. इस बारिश के मौसम में पशुओं में पेट के कीड़े, चिचड़ी-किलनी और संक्रामक बीमारियों का खतरा अधिक बढ़ जाता है, जिसका सीधा असर पशुओं की सेहत और दूध उत्पादन पर पड़ता है. इस कारण पशुपालकों को काफी नुकसान का भी सामना करना पड़ता है. ऐसे में अगर पशुपालक थोड़ी सावधानी बरतें तो इस समस्या से निजात पा सकते हैं.

मानसून की बारिश में पशुओं में किन बीमारी होने का खतरा रहता है?

मानसून की बारिश किसानों समेत पशुपालकों के लिए कई समस्या लेकर आती है. इस नमी भरे मौसम में पशुओं में कई बीमारी होने का खतरा बढ़ जाता है, जिस कारण पशुपालकों को काफी नुकसान का सामना करना पड़ता है, जिनमें यह बीमारी बारिश के मौसम में पशओं में मुख्य रुप से फैलती है-

लंपी स्किन डिजीज (Lumpy Skin Disease)

लम्पी त्वचा रोग सितंबर और अक्टूबर के दौरान गायों भैंसों में तेजी से फैलने वाला गंभीर रोग हैं. अगर यह संक्रामक रोग पशुओं को संक्रमित कर देता हैं, तो पशओं को तेज बुखार और शरीर पर गोल-गोल सख्त गांठें बनना शुरु हो जाती है, जिस कारण पशु बीमार पड़ जाते हैं और अधिक वायरल की चेपट में आने से पशओं की मौत भी हो जाती है.

गलघोंटू (Haemorrhagic Septicaemia)

गलघोंटू गाय और भैंसों में पास्चुरेला मल्टोसीडा नामक बैक्टीरिया से होने वाला एक अत्यंत गंभीर रोग है और यह रोग अक्सर पशओं में बारिश के नमी वाले मौसम में ही तेजी से फैलता है. ऐसे में अगर पशु इस रोग से ग्रस्त होते हैं, तो पशुओं को तेज बुखार, सांस लेने में कठिनाई और यहां तक की पशु खाना-पीना तक छोड़ देते हैं और 12 से 24 घंटों के दौरान पशओं की मौत भी हो जाती है.

लंगड़ा बुखार (Black Quarter)

लंगड़ा बुखार जिसे ब्लैक क्वार्टर या लंगड़ी रोग भी कहा जाता है और यह रोग मुख्य रुप से गाय, भैंस और भेड़ों में होने वाला एक गंभीर और घातक जीवाणु संक्रामक रोग है. यह लंगड़ा बुखार रोग मानसून के मौसम में मिट्टी और कीचड़ के संपर्क से फैलने वाला जीवाणु रोग, जो नमी होने के कारण पशओं में तेजी से फैलता है, जिसके बाद पशु को बुखार आता है और वह लंगड़ा कर चलने लगते हैं.

बीमारियों से पशुओं का कैसे करें बचाव?

बारिश के इस नमी वाले मौसम में पशुओं में बीमारियां होने का खतरा अधिक बढ़ जाता है और यह परेशानी पशुपालकों के लिए कई समस्या खड़ी कर देती है. यानी की दुधारू पशु अगर बीमारी की चपेट में आते हैंं, तो दूध उत्पाद में कमी आ जाती है, जिस कारण पशओं को भारी नुकसान का भी सामना करना पड़ता है. ऐसे में अगर पशुपालक अगर इन घातक बीमारियों से पशओं को बचाना चाहते हैं तो जल्द अपनाएं ये उपाएं-

  • पशुपालक पशुशाला में नमी और कीचड़ न होने दें तथा मच्छर-मक्खी नियंत्रण के उपाय करें.

  • अपने नजदीकी पशु चिकित्सक से सलाह लेकर समय पर पशओं को सभी जरूरी टीके लगवाएं. 

  • अगर पशओं के झुंड में कोई पशु बीमार है तो उसको स्वस्थ पशुओं से तुरंत अलग कर दें.

लेखक: रवीना सिंह

English Summary: Animal Care Tips Cow Buffalo Diseases Rainy Season Protection
Published on: 16 September 2026, 11:46 IST

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