Krishi Yantra Yojana: रोटावेटर और मल्टी क्रॉप थ्रेशर समेत इन 6 कृषि यंत्रों पर मिल रहा 50% तक अनुदान, जानें कैसे उठाएं लाभ Dudharu Pashu Bima Yojana: दुधारू पशुओं का होगा बीमा, पशुपालकों को मिलेगी 75% सब्सिडी, जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया! PM Kusum Yojana से मिलेगी सस्ती बिजली, राज्य सरकार करेंगे प्रति मेगावाट 45 लाख रुपए तक की मदद! जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Multilayer Farming: मल्टीलेयर फार्मिंग तकनीक से आकाश चौरसिया कमा रहे कई गुना मुनाफा, सालाना टर्नओवर 50 लाख रुपये तक Wheat Farming: किसानों के लिए वरदान हैं गेहूं की ये दो किस्में, कम लागत में मिलेगी अधिक पैदावार
Updated on: 25 September, 2021 11:11 AM IST
Electric Vehicle

दुनियाभर में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को बढ़ावा दिया जा रहा है. भारत के लोग भी इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाएं, इसके लिए केंद्र व राज्य सरकारें अपनी नीतियां बना रही हैं. इसी कम्र में हरियाणा भारत का नया ऐसा राज्य बन गया है, जो इलेक्ट्रिक व्हीकल नीति (Pro-EV Policy) की घोषणा करने वाला है. 

बता दें कि हरियाणा के सीएम मनोहर लाल खट्टर ने इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीद पर सब्सिडी देने का भी फैसला किया है.

इस खास दिन आया यह फैसला (This decision came on this special day)

हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर द्वारा ताजा वर्ल्ड कार फ्री डे के मौके पर ऐलान किया गया है कि राज्य सरकार ई-वाहनों की मांग को बढ़ावा देने का प्रयास कर रही है. इसके लिए  इलेक्ट्रिक वाहन (Electric vehicle subsidy) खरीदारों को सब्सिडी दी जाएगी.

इसके साथ ही निजी वाहन खरीदने की जगह  कारपूलिंग सिस्टम की भी वकालत की. अब तक गुड़गांव में प्रदूषण पर लगाम लगाने के लिए सीएनजी बसों को बढ़ावा दिया गया है, लेकिन अब हरियाणा सरकार भी इलेक्ट्रिक बसें और ऑटो चलाने पर जोर दे रही है.

आपको बता दें कि कई राज्य पहले ही संबंधित ईवी नीतियों का ऐलान कर चुके हैं, जिसमें दिल्ली, गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक का नाम शामिल है. अब हरियाणा भी ऐसा करने वाले राज्यों की सूची में शामिल हो गया है.

कुछ राज्य सरकारों की नीतियां इलेक्ट्रिक वाहन मेन्युफैक्चरिंग इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए ध्यान केंद्रित करती हैं, तो वहीं कुछ ग्राहकों की मांग को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं. कुछ ईवी नीतियां आंतरिक दहन वाहनों की जगह खरीदारों को ईवी वाहनों को चुनने के लिए प्रोत्साहित कर रही हैं. 

राज्य सरकार की ईवी नीतियां (EV policies of the state government)

राज्य सरकार की कुछ ईवी नीतियां हैं, जिसके तहत इंटरनल कंब्शन इंजन वाले वाहनों की जगह  खरीदारों को इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है. इसके लिए ईवी की खरीद पर सब्सिडी प्रदान की जा रही है.

इससे ईवी की मांग को बढ़ाया मिलेगी. ये राज्य सब्सिडी केंद्र सरकार की FAME-II योजना के लाभों के साथ देती है. हाल ही में हरियाणा ऐसा राज्य है, जहां इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को बढ़ावा देने के लिए ऐसी रणनीति अपनाई गई है.

जानकारी के लिए बता दें कि इस वक्त करीब 50 प्रतिशत भारतीय राज्यों में इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा देने के लिए संबंधित ईवी नीतियां पेश की जा चुकी हैं. इस सब्सिडी के तहत  इलेक्ट्रिक वाहनों पर वित्तीय सब्सिडी, रोड टैक्स पर छूट, वाहन पंजीकरण शुल्क पर छूट, लोन पर कम ब्याज दर आदि शामिल हैं.

बता दें कि राज्य सरकारें ईवी इकोसिस्टम डेवलपर्स के लिए ईवी निर्माताओं, ईवी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपर्स आदि को टैक्स छूट और अन्य फायदे प्रदान करती हैं.

 

English Summary: subsidy will be available on electric vehicle
Published on: 25 September 2021, 11:14 AM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now