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Updated on: 2 June, 2021 2:20 PM IST
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पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए पशुपालकों को झारखंड सरकार ने प्रोत्साहन देने का ऐलान किया है. साथ ही विश्व दुग्ध दिवस पर राज्य के कृषि मंत्री ने प्रदेश के 30 हजार पशुपालकों को केसीसी से जोड़ने की बात कही है.

दरअसल, राज्य को दुग्ध क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए राज्य सरकार ने रोडमैप तैयार कर लिया है. इसी कड़ी महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए झारखंड सरकार ग्रामीण दूध उत्पादकों को प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की है. यह प्रोत्साहन राशि एक रुपये प्रति लीटर होगी. ग्रामीण दुग्ध उत्पादकों द्वारा झारखंड मिल्क फेडरेशन को दुग्ध आपूर्ति कराई जाएगी जिसके लिए उन्हें यह यह राशि दी जाएगी.

दुग्ध क्षेत्र को मिलेगा बढ़ावा

विश्व दुग्ध दिवस पर कृषि पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री बादल ने कहा कि इस योजना के जरिये प्रदेश के दुग्ध उत्पादकों में इस क्षेत्र में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी. वहीं उन्होंने कहा कि राज्य के 30 हजार मवेशी पालकों को केसीसी से जोड़े जाने की योजना है. कृषि मंत्री ने आगे बताया कि सारठ, साहिबगंज और पलामू में जल्द ही डेयरी प्लांट का उद्घाटन किया जाएगा. जबकि रांची, जमशेदुर और गिरिडीह में नए मिल्क पाउडर प्लांट खोले जाएंगे. 

29.13 लाख मैट्रिक टन का लक्ष्य

इस दौरान कृषि मंत्री ने दूध उत्पादन से जुड़े महत्वपूर्ण आंकड़े भी दिए. उन्होंने बताया कि जब झारखंड अलग राज्य बना था तब रोजाना प्रति व्यक्ति केवल 96 ग्राम दूध उपलब्ध था, लेकिन आज 190 ग्राम है. हमने अब प्रति व्यक्ति रोजाना 210 ग्राम दूध उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा है. वहीं इस साल 29.13 लाख मैट्रिक टन दूध उत्पादन होने की संभावना है.

English Summary: Good news for cattlemens! Jharkhand government will give incentive amount per liter
Published on: 02 June 2021, 02:24 PM IST

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