Krishi Yantra Yojana: रोटावेटर और मल्टी क्रॉप थ्रेशर समेत इन 6 कृषि यंत्रों पर मिल रहा 50% तक अनुदान, जानें कैसे उठाएं लाभ Dudharu Pashu Bima Yojana: दुधारू पशुओं का होगा बीमा, पशुपालकों को मिलेगी 75% सब्सिडी, जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया! PM Kusum Yojana से मिलेगी सस्ती बिजली, राज्य सरकार करेंगे प्रति मेगावाट 45 लाख रुपए तक की मदद! जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Multilayer Farming: मल्टीलेयर फार्मिंग तकनीक से आकाश चौरसिया कमा रहे कई गुना मुनाफा, सालाना टर्नओवर 50 लाख रुपये तक Wheat Farming: किसानों के लिए वरदान हैं गेहूं की ये दो किस्में, कम लागत में मिलेगी अधिक पैदावार
Updated on: 30 March, 2023 12:07 PM IST
बिकानेर में आयोजित कृषि मेला

स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय द्वारा प्रायोजित तीन दिवसीय किसान मेला ''पौष्टिक अनाज समृद्ध किसान'' का समापन हो गया. यह मेला 27 से 29 मार्च तक आयोजित किया गया. इस समापन समारोह के मुख्य अतिथि राज्य के शिक्षा मंत्री डॉ. बी डी कल्ला रहें. उन्होंने कहा, कृषि और पशुपालन देश की अर्थव्यवस्था की नींव हैं. अन्नदाता एक किसान का नाम है. देश का किसान जितना समृद्ध होगा, समाज और देश का विकास उतना ही आगे बढ़ेगा. उन्होंने दावा किया कि कृषि हमारी 70% आबादी का हिस्सा है. किसान उत्पादन के लिए कड़ी मेहनत करते हैं, लेकिन वे पर्याप्त पैसा नहीं कमा पा रहे हैं.

आपदा प्रबंधन और राहत विभाग के मंत्री गोविंद राम मेघवाल ने कहा, ऐसे मेले किसानों को नई विधियों और तकनीकों के बारे में शिक्षित करते हैं. उन्होंने जैविक खेती को बढ़ावा देने की बात कही और किसानों को नई कृषि विधियों का उपयोग करने की सलाह भी दी. उन्होंने किसानों को इससे होने वाले कम लागत के बारे में बताया. मेले में किसानों से बाजरा जैसे मोटे अनाज का अधिक उत्पादन करने और अपने खेती के कार्यों को बागवानी और पशुपालन में विविधता लाने की बात बताई गई.

स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. अरुण कुमार के कहा, तीन दिवसीय मेले में 7000 से अधिक किसानों ने भाग लिया. उन्होंने कहा कि मेले में सैकड़ों बूथ थे जो विभिन्न कृषि उन्नतियों और तकनीकों को प्रदर्शित कर रहे थे.

ये भी पढ़ेंः बाड़मेर में 22 मार्च को होगा पशु मेला का आयोजन, केंद्रीय मंत्रियों की मौजूदगी में प्रथम विजेता को मिलेगी 1 किलो चांदी

इससे पहले, शिक्षा और आपदा प्रबंधन मंत्रियों ने एक्सपो में स्थापित किए गए कई बूथों का निरीक्षण किया गया था. इस पूरे मेले में आयोजित कई प्रतियोगिताओं के विजेताओं को उपहार भी दिया गया.

English Summary: Farmers got information about new farming techniques in the agricultural fair held in Bikaner
Published on: 30 March 2023, 12:20 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now