Tarbandi Yojana: अब 2 बीघा जमीन वाले किसानों को भी मिलेगा तारबंदी योजना का लाभ, जानें कैसे उठाएं लाभ? Krishi Yantra Yojana: रोटावेटर और मल्टी क्रॉप थ्रेशर समेत इन 6 कृषि यंत्रों पर मिल रहा 50% तक अनुदान, जानें कैसे उठाएं लाभ Subsidy: भेड़-बकरी पालन शुरू करना हुआ आसान! सरकार दे रही 50% सब्सिडी, ऐसे करें आवेदन! Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Multilayer Farming: मल्टीलेयर फार्मिंग तकनीक से आकाश चौरसिया कमा रहे कई गुना मुनाफा, सालाना टर्नओवर 50 लाख रुपये तक सिंचाई के लिए पाइप खरीदने पर किसानों को ₹15,000 तक की सब्सिडी, जानिए पात्रता और आवेदन प्रक्रिया!
Updated on: 9 April, 2020 12:00 AM IST

कम लागत में अगर आप भी अच्छा पैसा कमाना चाहते हैं तो आपके लिए संतरे की खेती फायदेमंद हो सकती है. त्रिपुरा सरकार इसके लिए अपने क्षेत्र के किसानों को मदद दे रही है. इसके लिए किसानों को राज्य सरकार द्वारा 15000 रूपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जा रही है. ऐसा करने के पीछे का लक्ष्य कम से कम समय में बारामुरा पहाड़ियों पर संतरे के उत्पादन को बढ़ाना है.

संतरे की फसल है फायदेमंद

त्रिपुरा का जलवायु संतरे की खेती के लिए अनुकूल है. इसलिए विशेषज्ञों का मानना है कि यहां अलग-अलग भागों में संतरे की खेती कर किसान अच्छा पैसा कमा सकते हैं. इस समय पश्चिम त्रिपुरा जिले के बारामुरा पहाड़ियों पर 500 हेक्टेयर भूमि में संतरे की खेती हो रही है.

संतरे की उत्पादकता

एक हेक्टेयर भूमि में कुल 80 हजार संतरा पेड़ों को लगाया गया है. बरामुरा पहाड़ियों पर 500 हेक्टेयर भूमि में संतरे की अच्छी खेती हो रही है, लेकिन पहले के मुकाबले उत्पादन बहुत कम हो गया है. इसका एक कारण कुछ समय से खराब मौसम भी है. विशेषज्ञों की माने तो क्षेत्र में संतरे की मांग अधिक है, जबकि उत्पादकता अभी उतनी अधिक नहीं है. ऐसे में किसानों को अच्छा फायदा हो सकता है. संतरे के अलावा यहां कॉफी, बीट्स नटस और अदरक की खेती को भी सरकार प्रोत्साहित कर रही है.

बढ़ेगा उत्पादन          

राज्य के बागवानी अधिकारियों का मानना है कि उत्तर त्रिपुरा जिले में संतरे की खेती के लिए पर्याप्त संसाधन हैं, ऐसे में जम्मुई पहाड़ी क्षेत्रों में उत्पादन के बढ़ने की आशा है. आने वाले दिनों में किसानों को अच्छी कमाई हो सकती है.

त्रिपुरा के संतरों में है खास गुण

त्रिपुरा के संतरों में खास गुण हैं. वो एंटी-ऑक्सिडेंट तत्व भी भरपूर हैं जो स्किन की झुर्रियों को समाप्त कर सकते हैं. इसके अलावा ब्लड प्रेशर में की शिकायत में भी ये फायदेमंद हैं. इनमें बी6 विटामिन बड़ी मात्रा में होता है, जो शरीर में हिमोग्लोबिन बढ़ाता है.

English Summary: government is gicing subsidy on orange farming
Published on: 09 April 2020, 12:17 IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now