Krishi Yantra Yojana: रोटावेटर और मल्टी क्रॉप थ्रेशर समेत इन 6 कृषि यंत्रों पर मिल रहा 50% तक अनुदान, जानें कैसे उठाएं लाभ Dudharu Pashu Bima Yojana: दुधारू पशुओं का होगा बीमा, पशुपालकों को मिलेगी 75% सब्सिडी, जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया! PM Kusum Yojana से मिलेगी सस्ती बिजली, राज्य सरकार करेंगे प्रति मेगावाट 45 लाख रुपए तक की मदद! जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Multilayer Farming: मल्टीलेयर फार्मिंग तकनीक से आकाश चौरसिया कमा रहे कई गुना मुनाफा, सालाना टर्नओवर 50 लाख रुपये तक Wheat Farming: किसानों के लिए वरदान हैं गेहूं की ये दो किस्में, कम लागत में मिलेगी अधिक पैदावार
Updated on: 26 July, 2021 4:27 PM IST
Indian Farmer

अपने घर की चौहद्दी को पार कर आज हुकूमत के खिलाफ पताका फहराने वाली महिला किसानों पर पूरे देश की निगाहें टिकी रहेंगी. हर मोर्चे पर पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर विकास के गगनचुंबी सोपान तय करने वाली महिलाओं ने कृषि क्षेत्र में अकल्पनीय इतिहास रचा है. वहीं, आज जब किसानों द्वारा हुकूमत के खिलाफ मोर्चा खोलने की बात आई है तो भला यह महिला किसान क्यों पीछे रहेंगी, इसलिए आज पंजाब, हरियाणा समेत देश के अन्यत्र राज्यों से महिला किसान जंतर-मंतर पर केंद्र सरकार के खिलाफ हुंकार भरते हुए दिखेंगी.

बहुधा यही कहा जाता रहा है कि हर सफल इंसान के पीछे किसी न किसी महिला का साथ जरूर होता है. अब ऐसे में जब विगत आठ माह से केंद्र सरकार के खिलाफ आंदोलनरत रहे पुरुष किसानों को महिला किसानों का साथ मिलेगा तो यकीनन उनके आंदोलन को एक नई धार मिलेगी….

जानिए अब तक की हालिया स्थिति

वहीं, अगर अब तक की स्थिति की बात करें तो विगत आठ माह से किसान भाई केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलनरत हैं, लेकिन कई दौरों की वार्ताओं के संपन्न होने के बावजूद भी केंद्र सरकार का रवैया तटस्थ ही रहा है. ऐसी स्थिति में दूर-दूर तक इसे लेकर समाधान की आहट सुनाई नहीं दे रही है. हालांकि, बीते दिनों जरूर केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने किसान संग वार्ता की इच्छा जाहिर की थी.

इन मुद्दों पर भी होगी चर्चा

वहीं बताया जा रहा है कि जंतर-मंतर पर महिला किसानों के पहुंचने के बाद से किसान आंदोलन, मंडी एक्ट, एमएसपी समेत कई मसलों पर चर्चा की जाएगी. किसान आज उन सभी मसलों पर किसान संसद के बहाने चर्चा करते हुए दिखेंगे. जिसे लेकर पिछले दिनों से सियासत का सिलसिला जारी है.

संसद का मानसून सत्र

गौरतलब है कि वर्तमान में संसद का मानसून सत्र चल रहा है, जिसमें कई मसलों को लेकर चर्चा का सिलसिला जारी है, मगर अफसोस अभी तक हुए चर्चा में किसी भी मसलों को लेकर दोनों सदनों में सार्थक चर्चा की रत्ती भर भी तस्वीर नहीं दिखी है.

अगर कुछ दिखा है तो सांसदों की उल जुलूल हरकतों की वजह से संसद का स्थगन ही  हुआ है, जिसे लेकर कई मौकों पर लोकसभा समेत राज्यसभा के अध्यक्षगण भी अपनी नाराजगी जाहिर कर चुके हैं. खैर, अब आगे चलकर यह पूरा मसला क्या रूख अख्तियार करता है. यह तो  फिलहाल आने वाला वक्त ही बताएगा.

English Summary: Women Farmer are involving in farmer Protest
Published on: 26 July 2021, 04:33 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now