कम बारिश, महंगी खाद और बढ़ती गर्मी: किसानों के लिए क्या है समाधान? Success Story: 72 एकड़ में गन्ने की खेती, इंटरक्रॉपिंग मॉडल और 2 करोड़ का कारोबार - सरताज खान की सफलता की कहानी खेती से 100 करोड़ का टर्नओवर: हेलीकॉप्टर के बाद अब हवाई जहाज से कृषि क्रांति लाएंगे डॉ. राजाराम त्रिपाठी Pusa Corn Varieties: कम समय में तैयार हो जाती हैं मक्का की ये पांच किस्में, मिलती है प्रति हेक्टेयर 126.6 क्विंटल तक पैदावार! Watermelon: तरबूज खरीदते समय अपनाएं ये देसी ट्रिक, तुरंत जान जाएंगे फल अंदर से मीठा और लाल है या नहीं
Updated on: 10 April, 2019 5:12 PM IST

नेशनल इंस्टीट्यूशन रैंकिंग फ्रेमवर्क (NIRF ) ने हाल ही में NIRF रैंकिंग 2019 की घोषणा की है. यह जानना दिलचस्प है कि दिल्ली विश्वविद्यालय के मिरांडा हाउस को भारत में सर्वश्रेष्ठ कॉलेज का दर्जा दिया गया है जो लगातार दूसरी बार है. हालांकि, पिछले साल सूची में दिल्ली विश्वविद्यालय के पांच कॉलेज थे. अब, अच्छी खबर यह है कि इस साल यह संख्या बढ़कर छह हो गई है. देश के सबसे पुराने सरकारी कॉलेजों में से एक चेन्नई के प्रेसीडेंसी कॉलेज  को सूची में तीसरा स्थान दिया गया है. पिछले साल यह पांचवें स्थान पर था. कॉलेजों के लिए NIRF रैंकिंग 2017 में शुरू की गई थी.

 डीयू के तहत अन्य सर्वश्रेष्ठ स्नातक कॉलेज, जो शीर्ष 10 की सूची में  है वो है -  हिंदू कॉलेज, सेंट स्टीफन कॉलेज, लेडी श्री राम कॉलेज (एलएसआरसी), श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (एसआरसीसी) और हंस राज कॉलेज.

बता दे कि इस साल चेन्नई के लोयोला कॉलेज को 6 वां स्थान मिला है. पश्चिम बंगाल के राम कृष्ण मिशन विवेकानंद शताब्दी कॉलेज का रैंक 9 से घटकर  8 हो गया है. कोलकाता के सेंट जेवियर्स कॉलेज की रैंकिंग में भी भारी बदलाव हुआ है. पिछले साल यह 17 वें स्थान पर था और इस वर्ष यह देश के शीर्ष 10 सर्वश्रेष्ठ कॉलेजों में अपना स्थान बनाकर 10 वें स्थान पर आ गया है.

NIRF 2019: भारत में टॉप 10 कॉलेज

  मिरांडा हाउस, दिल्ली

 हिंदू कॉलेज, दिल्ली

 प्रेसीडेंसी कॉलेज, चेन्नई

 सेंट स्टीफन कॉलेज, दिल्ली

 लेडी श्री राम कॉलेज फॉर विमेन, दिल्ली

 लोयोला कॉलेज, चेन्नई

 श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स

 राम कृष्ण मिशन विवेकानंद शताब्दी कॉलेज, कोलकाता

 हंसराज कॉलेज, दिल्ली

 सेंट जेवियर्स कॉलेज,कोलकाता

English Summary: India's top 10 college name and list du top colleges !
Published on: 10 April 2019, 05:27 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now