किसानों को बड़ी राहत! अब 30 जून तक कर सकेंगे डिग्गी निर्माण के लिए आवेदन गेंदा फूल की आई नई वैरायटी, बीज की कीमत ₹1 लाख प्रति किलो, किसान कमा सकते हैं दोगुना मुनाफा! जगन्नाथ मंदिर का महाप्रसाद: टमाटर और विदेशी सब्जियों पर क्यों लगा है प्रतिबंध? जानिए दुनिया की सबसे बड़ी रसोई का रहस्य Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Tarbandi Yojana: अब 2 बीघा जमीन वाले किसानों को भी मिलेगा तारबंदी योजना का लाभ, जानें कैसे उठाएं लाभ? सिंचाई के लिए पाइप खरीदने पर किसानों को ₹15,000 तक की सब्सिडी, जानिए पात्रता और आवेदन प्रक्रिया!
Updated on: 16 November, 2023 6:27 PM IST
अपनी जिद से युवा बना लखपति! (Image Source: Pinterest)

Poultry Farming Business: आज हम आपको ऐसे एक व्यक्ति के बारे में बताने जा रहे हैं, जिन्होंने अपनी जिंद के चलते लखपति बनने का सफर तय किया है. जी हां जिस व्यक्ति की हम बात कर रहे हैं, वह बिहार के रहने वाले नूर अजीज है. जिन्होंने छपरा के जेपी यूनिवर्सिटी से एमएससी/MSC की पढ़ाई पूरी की है. यह हमेशा से अपना खुद का बिजनेस करने का सपना देखते थे, जिसके चलते इन्होंने अपने गांव में रहकर मुर्गी पालन का व्यवसाय शुरू किया. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि बिहार के अजीज आज के समय में मुर्गी पालन कर लाखों की कमाई कर रहे हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक, अजीज मुर्गी पालन करके सालाना करीब 10 लाख रुपये तक की कमाई आसानी से कर लेते हैं.

कहते हैं न जहां चाह है वहां राह है. अजीज इसका सबसे अच्छा उदाहरण हैं. ऐसे में आइए बिहार के अजीज की संघर्ष से भरी कहानी के बारे में विस्तार से जानते हैं-

मुर्गी पालन से शुरू किया बिजनेस

बिहार के अजीज ने अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद अपने गांव में ही अंडा उत्पादन के लिए मुर्गी पालन का बिजनेस शुरू किया. अजीज ने बताया की इस काम में उन्हें कई तरह की परेशानियों का भी सामना करना पड़ा. उन्होंने सबसे पहले अपने फॉर्म से अंडो को लोकल के बाजारों में बेचना शुरू किया और फिर उन्होंने इसे धीरे-धीरे अन्य जिलों में भी अंडों को सप्लाई करना का काम शुरू कर दिया, जिससे उनके पास काफी अच्छी कमाई आना शुरू हो गई.

8 हजार से अधिक मुर्गियों का किया पालन

अजीज ने अभी तक अपने फॉर्म में करीब 8,500 मुर्गियों का पालन किया है, जिसे वह सिर्फ अंडा उत्पादन के लिए ही पालते हैं. उन्होंने बताया कि मुर्गियों को अंडा देने के लिए लगभग चार महीने तक का समय लगता है. वहीं, उन्होंने यह भी बताया कि एक बार जब मुर्गी अंडा देना शुरू करती है, तो वह प्रतिदिन अगले 18 महीने तक अंडा देती हैं. इसके अलावा उन्होंने यह भी बताया कि जब ये मुर्गियां अंडा देना बंद कर देती है, तो उन्हें हटाकर अन्य दूसरी नस्ल की मुर्गियों को लाया जाता है. इस तरह से अंडे उत्पादन का यह सिलसिला चलता है.

मुर्गी फार्म में कई लोगों को दिया रोजगार

अजीज ने अपनी मुर्गी फॉर्म/ Chicken Farm में कई लोगों को रोजगार दिया है, जो मुर्गियों की देखभाल से लेकर अन्य कई तरह के जरूरी काम को पूरा करते हैं. क्योंकि मुर्गी पालन एक व्यक्ति के बस की बात नहीं है.

ये भी पढ़ें: मुर्गीपालन फार्म कैसे तैयार करें? जानें जगह, आकार, ऊंचाई, लंबाई, चौड़ाई व दिशा

मुर्गी पालन से सालाना कमाई 10 लाख रुपये तक

अजीज मुर्गी पालन/ Poultry से सालाना लगभग 10 लाख रुपये तक की कमाई कर आसानी से कर लेते हैं. दरअसल, उन्होंने अंडा उत्पादन के लिए 8,500 मुर्गियों का पालन किया हुआ है, जिस पर प्रतिदिन लगभग 20,000 रुपये तक का खर्च आता है. वहीं, अजीज के फॉर्म की मुर्गियों के हर दिन लगभग 21 हजार से लेकर 23 हजार तक के अंडे आराम से बिक जाते हैं. वहीं, सर्दी के दिनों में अंडे के दाम अधिक बढ़ जाते हैं, तो अजीज की कमाई भी ठंड के मौसम में अधिक होती है.

English Summary: youth of bihar is earning rs 10 lakh annually by rearing poultry chicken eggs price in india bihar successful farmer
Published on: 16 November 2023, 06:32 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now