Success Story: जैविक उत्पादों के सहारे 20 एकड़ में अनार की सफल खेती, आधी हुई लागत, सालाना टर्नओवर 70 लाख रुपये तक! Rabi Crop Farming: रबी मौसम की फसलों की बुआई हेतु खेत की अग्रिम तैयारी फल और फूलों की खेती में प्रूनिंग के लिए उपयोगी हैं ये STIHL के टूल्स, जानें पूरा विवरण Pusa Corn Varieties: कम समय में तैयार हो जाती हैं मक्का की ये पांच किस्में, मिलती है प्रति हेक्टेयर 126.6 क्विंटल तक पैदावार!
Updated on: 17 October, 2026 12:39 PM IST
कोल्ड स्टोरेज से आलू निकालने पर मिलेगा भारी अनुदान (Image Source-AI generate)

यूपी के आलू किसानों के लिए राहत की खबर सामने आ रही है. बाजारों में जिस तरह से आलू के दामों में गिरावट होने और भंडारण और परिवहन की लागत बढ़ने से किसानों को कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है. ऐसे में राज्य सरकार ने आलू की खेती करने वाले किसान भाइयों के लिए एक ऐसी पहल की शुरुआत की है, जिसके तहत ने कोल्ड स्टोरेज से आलू निकालने पर भारी अनुदान प्रदान किया जाएगा. यानी की किसानों को इस राहत से आर्थिक नुकसान को नहीं झेलना पड़ेगा.

आलू की कम कीमत किसानों की बड़ी परेशानी

बिजनौर जिले में बड़े पैमाने पर आलू की खेती की जाती है. यहां लगभग चार हजार हेक्टेयर भूमि पर आलू का उत्पादन होता है. किसान आमतौर पर मार्च में आलू की खुदाई करने के बाद फसल को कोल्ड स्टोरेज में रख देते हैं. उन्हें उम्मीद रहती है कि आने वाले महीनों में बाजार में आलू के दाम बढ़ेंगे और वे अपनी उपज बेचकर बेहतर मुनाफा कमा सकेंगे.

हालांकि, बाजार में कीमतें उम्मीद के मुताबिक नहीं बढ़ने पर किसानों की परेशानी बढ़ जाती है. उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इस समय आलू का भाव लगभग 10 रुपये प्रति किलोग्राम तक चल रहा है, जिससे किसानों की आमदनी में कमी आ रही है.

कोल्ड स्टोरेज में कितना आलू जमा है?

बिजनौर जिले के कोल्ड स्टोरेज से संबंधित उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, विभिन्न भंडारण केंद्रों में आलू का स्टॉक मौजूद है. दिए गए विवरण में नहटौर और बिजनौर के कुछ कोल्ड स्टोरेज में भी उल्लेखनीय मात्रा में आलू का अवशेष दर्ज किया गया है.

उपलब्ध तालिका के अनुसार, अमन कोल्ड स्टोरेज, किरतपुर में 123 मीट्रिक टन, जैन कोल्ड स्टोरेज, नजीबाबाद में 193 मीट्रिक टन, नहटौर कोल्ड स्टोरेज में 1,082 मीट्रिक टन, रौनक कोल्ड स्टोरेज, बिजनौर में 740 मीट्रिक टन, बीके कोल्ड स्टोरेज, बिजनौर में 220 मीट्रिक टन और सागर कोल्ड स्टोरेज, चांदपुर में 516 मीट्रिक टन आलू का अवशेष बताया गया है.

कितना मिलेगा अनुदान?

अगर आप इस सरकारी अनुदान का लाभ उठाने की सोच रहे हैं, तो यह सरकारी योजना आपके लिए फायदे का सौदा हो सकती है. साथ ही बता दें कि सरकार की इस योजना के अंतर्गत पात्र किसानों को कोल्ड स्टोरेज से आलू निकालने पर अधिकतम 20,000 रुपये तक का अनुदान मुहैया कराया जाएगा. इस मदद से किसानों अपनी उपज की निकासी से जुड़े खर्चों का बोझ कम करने में सहायता मिल सकती है.

आवेदन कैसे करें और क्या है अंतिम तिथि?

अगर आप इस सरकारी योजना का फायदा उठान चाहते हैं, तो योजना में आवेदन करने के लिए आप समयसीमा के भीतर उत्तर प्रदेश उद्यान विभाग के पंजीकरण पोर्टल potato.uphorticulture.in पर ऑनलाइन आवेदन कर योजना का लाभ उठा सकते हैं. 

इसके अलावा, यूपी सरकार ने राज्य के किसानों से अपील की है कि वह योजना की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर तक आवेदन की प्रक्रिया को पूरा कर दें अन्यथा आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा.

लेखक: रवीना सिंह

English Summary: Up Government Relief Potato Farmers grant up to Rs 20000 for Cold Storage Potatoes Subsidy
Published on: 17 October 2026, 12:45 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now