Krishi Yantra Yojana: रोटावेटर और मल्टी क्रॉप थ्रेशर समेत इन 6 कृषि यंत्रों पर मिल रहा 50% तक अनुदान, जानें कैसे उठाएं लाभ Dudharu Pashu Bima Yojana: दुधारू पशुओं का होगा बीमा, पशुपालकों को मिलेगी 75% सब्सिडी, जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया! PM Kusum Yojana से मिलेगी सस्ती बिजली, राज्य सरकार करेंगे प्रति मेगावाट 45 लाख रुपए तक की मदद! जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Multilayer Farming: मल्टीलेयर फार्मिंग तकनीक से आकाश चौरसिया कमा रहे कई गुना मुनाफा, सालाना टर्नओवर 50 लाख रुपये तक Wheat Farming: किसानों के लिए वरदान हैं गेहूं की ये दो किस्में, कम लागत में मिलेगी अधिक पैदावार
Updated on: 11 January, 2024 4:15 PM IST
ब्राजील में सोयाबीन उत्पादन घटने का अनुमान.

Soybean Production: दुनिया का सबसे बड़ा सोयाबीन उत्पादक देश ब्राजील इस साल पिछड़ता नजर आ रहा है. ब्राजील में इस साल सोयाबीन का उत्पादन कम होने का अनुमान है. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, 2023-24 में सोयाबीन का उत्पादन 158.5 मिलियन टन के आसपास होने का अनुमान है. अक्टूबर 2022-23 के लिए यह अनुमान 161 मिलियन टन था, जिसमें इस साल 3 मिलियन टन के आसपास की गिरावट आएगी. एफएएस ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि उस साल का अनुमान मौजूदा सीजन से 30 लाख टन ज्यादा था. साथ ही, ब्राजील की खाद्य एजेंसी CONB ने भी बुधवार को प्रकाशित अपने मासिक अपडेट में सोयाबीन उत्पादन में गिरावट की भविष्यवाणी की है.

इस वजह से घटा उत्पादन

गर्म और शुष्क मौसम, कम मिट्टी की नमी का स्तर और अक्टूबर और नवंबर में औसत से कम बारिश ने इस साल सोयाबीन की पैदावार को प्रभावित किया है. देश के प्रमुख सोयाबीन उत्पादक क्षेत्रों में से एक, रियो ग्रांडे डो सुल में भारी बारिश के कारण पिछले दो महीनों में उत्पादन धीमा हो गया है. एक अंग्रेजी समाचार एजेंसी ने बताया कि भारी बारिश के चलते बोया गया बीज ठीक से विकसित नहीं हुआ और फसल खतरे में पड़ गई. एफएएस का अनुमान है कि अक्टूबर के पूर्वानुमान की तुलना में बोए गए क्षेत्र में 2 लाख हेक्टेयर की गिरावट के बावजूद, 2022-23 में सोयाबीन का क्षेत्र 3 प्रतिशत बढ़कर 44 मिलियन हेक्टेयर हो जाएगा.

ब्राजील ने अमेरिका का पछाड़ा

बता दें कि ब्राजील दुनिया का सबसे बड़ा सोयाबीन उत्पादक और निर्यातक है. पिछले कुछ वर्षों से, देश उत्पादन और निर्यात में संयुक्त राज्य अमेरिका को पीछे छोड़ रहा है. ब्राजील का कुल निर्यात 2023-24 तक संयुक्त राज्य अमेरिका के मुकाबले दोगुना होने का अनुमान है. जबकि अधिकांश निर्यात चीन को होता है, जो सोयाबीन का एक प्रमुख आयातक देश है.

सोयाबीन का उत्पादन कहां होता है?

ब्राजील विश्व में सोयाबीन का सबसे बड़ा उत्पादक है. उसके बाद, सोयाबीन का उत्पादन संयुक्त राज्य अमेरिका, अर्जेंटीना, चीन, भारत, पैराग्वे, कनाडा, रूस, यूक्रेन, बोलीविया जैसे देशों में किया जाता है. अगर अन्य देशों के उत्पादन की बात करें तो 2023-2024 में संयुक्त राज्य अमेरिका का उत्पादन 116.38 मिलियन टन रहने का अनुमान है. इसी तरह, अर्जेंटीना में 44.90 मिलियन टन, चीन में 16.4 मिलियन टन और भारत में 12 मिलियन टन सोयाबीन का उत्पादन हो सकता है.

English Summary: Soybean crop affected in Brazil production expected to decrease know what is the situation in top 5 Soybean producing countries
Published on: 11 January 2024, 04:16 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now