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Updated on: 25 March, 2020 6:01 PM IST

कोरोना वायरस सक्रमण  देखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार रात से ही सम्पूर्ण देश को लॉकडाउन होने का आदेश दे दिया हैं.  बता दें, बिजनौर जिले के लॉकडाउन  होने के बाद से किसान कृषि समाधान के लिए किसी भी कृषि कार्यालय नहीं जा पाएंगे. चाहे वो प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से जुड़ा समाधान का मामला ही क्यों न हो.

बता दें, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि समस्या समाधान को ही लेकर बिजनौर के कृषि उपनिदेशक ने एक आदेश जारी किया है कि जिले किसान लॉकडाउन की स्थित में अपने न्याय पंचायत में ही अधिकारीयों के व्हाट्सएप पर हीं अपनी जरूरी दस्तावेज भेजकर समस्या का समाधान करा सकेंगे.  इतना हीं नहीं जिन लोगों के पंजीकरण में गलती है उन्हें न्याय पंचायत स्तर पर लगे अधिकारी फोन करके जरूरी कागजात मगाकर समस्या समाधान करे. 

बता दें कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में जिले के 4 लाख से ज्यादा किसान पंजीकृत हैं. इनमे से कुछ किसान ऐसे है की जिसमे मामूली से गलती या फिर किसानों के आधार संख्या सत्यापित नहीं है जिसके कारण ही उन किसानों के खातों में पीएम किसान की किश्त नहीं जा पाती. अब वे सभी किसान व्हाट्सएप के जरिए समस्या समाधान करा सकेंगे. ऐसे किसानों की संख्या लगभग 70 हजार के है. इसके संसोधन के लिए न्याय स्तर पर कर्मचारियों को लगया गया था जो अब लॉकडाउन के चलते किसानों के पास नहीं जा पाएंगे या फिर किसान उनके पास नहीं पहुंच पाएंगे. इन्हीं समस्या को देखते हुए उपकृषि निदेशक जेपी चौधरी ने ये आदेश दिए हैं.

English Summary: PM farmers will be able to solve the problem through WhatsApp in lockdown
Published on: 25 March 2020, 06:04 PM IST

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