आईसीएआर - भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (आईएआरआई), नई दिल्ली का 64वां दीक्षांत समारोह 13 फरवरी 2026 को आयोजित किया जा रहा है. मुख्य दीक्षांत कार्यक्रम में विभिन्न संकायों के स्नातक, परास्नातक और पीएच.डी. विद्यार्थियों को डिग्रियां और मेडल प्रदान किए जाएंगे. केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान 13 फरवरी को होने वाले दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे.
वे विद्यार्थियों, शोधार्थियों और नवाचार कर रहे युवा कृषि वैज्ञानिकों को संबोधित करेंगे और उन्हें देश के कृषि एवं ग्रामीण विकास को नई दिशा देने के लिए प्रेरित करेंगे.
दीक्षांत समारोह में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी और रामनाथ ठाकुर की गरिमामय उपस्थिति भी रहेगी, जो कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों और वैज्ञानिकों का उत्साहवर्धन करेंगे तथा सरकार की प्राथमिकताओं को साझा करेंगे. इसी क्रम में आईसीएआर के महानिदेशक डॉ. एम.एल. जाट तथा आईएआरआई के निदेशक डॉ. सी एच श्रीनिवास राव संस्थान की उपलब्धियों और भविष्य की कार्ययोजना पर प्रकाश डालेंगे.
समारोह के दौरान कृषि अनुसंधान, प्राकृतिक खेती, जलवायु-स्मार्ट कृषि, डिजिटल एग्रीकल्चर तथा ग्रामीण उद्यमिता जैसे क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले विद्यार्थियों व शोधार्थियों को विशेष रूप से सम्मानित किया जाएगा. कुल 470 छात्र-छात्राओं को उनकी कड़ी मेहनत और सफल शैक्षणिक यात्रा के लिए डिग्रियां प्रदान की जाएंगी. इनमें 290 एम.एससी./एम.टेक. के विद्यार्थी शामिल हैं, जिनमें 126 छात्राएं और 164 छात्र हैं, जबकि 180 पीएच.डी. विद्यार्थी (70 छात्राएं और 110 छात्र), जिनमें 2 विदेशी विद्यार्थी भी सम्मिलित हैं, अपने-अपने मास्टर एवं डॉक्टोरल कार्यक्रम सफलतापूर्वक पूर्ण करने के बाद मंच पर आकर डिग्री प्राप्त करेंगे, जो आईएआरआई की अकादमिक उत्कृष्टता और वैश्विक आकर्षण को और मजबूत करता है.
दीक्षांत समारोह न केवल विद्यार्थियों के लिए उपलब्धि का अवसर होगा, बल्कि यह संकेत भी देगा कि भारत का कृषि क्षेत्र नई पीढ़ी के हाथों नवाचार, ज्ञान और तकनीक आधारित विकास की ओर तेजी से अग्रसर है. केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का मार्गदर्शन युवा कृषक-वैज्ञानिकों और ग्रामीण उद्यमियों के लिए प्रेरक ऊर्जा का काम करेगा.
आईएआरआई, नई दिल्ली 121 वर्ष पुराना अग्रणी संस्थान है, जो हरित क्रांति का केंद्र और कृषि अनुसंधान, शिक्षा एवं प्रसार का प्रमुख अग्रदूत रहा है. संस्थान ने देश के करोड़ों लोगों की खाद्य, पोषण एवं आजीविका सुरक्षा सुनिश्चित करने में निर्णायक भूमिका निभाई है तथा 1923 से शुरू हुए अपने शैक्षणिक कार्यक्रमों के माध्यम से एक सदी से अधिक समय से उत्कृष्टता की परंपरा को बनाए रखा है.
आईएआरआई को विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (NAAC) से 2023–2028 की अवधि के लिए ‘A’ ग्रेड तथा आईसीएआर के राष्ट्रीय कृषि शिक्षा प्रत्यायन बोर्ड (NAEAB) से 2025–2030 के लिए 3.64/4.00 (A+ समतुल्य) स्कोर के साथ मान्यता प्राप्त हुई है, जो इसकी शैक्षणिक गुणवत्ता का प्रमाण है. वर्ष 2025 की NIRF रैंकिंग में संस्थान ने कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों की श्रेणी में प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि नव आरंभ SDG रैंकिंग में आईएआरआई नई दिल्ली को आईआईटी मद्रास के बाद दूसरा स्थान मिला.