Dragon Fruit Farming: ड्रैगन फ्रूट की खेती बना रही है अच्छी आमदनी का स्रोत, जानें लागत और मुनाफा! 16-17 अप्रैल को आयोजित होगा MIONP 2026: भारत को ऑर्गेनिक और लाभकारी कृषि की ओर ले जाने की पहल Success Story: बस्तर की मिट्टी से उभरी महिला एग्रीप्रेन्योर अपूर्वा त्रिपाठी, हर्बल उत्पादों से बना रहीं वैश्विक पहचान Pusa Corn Varieties: कम समय में तैयार हो जाती हैं मक्का की ये पांच किस्में, मिलती है प्रति हेक्टेयर 126.6 क्विंटल तक पैदावार! Watermelon: तरबूज खरीदते समय अपनाएं ये देसी ट्रिक, तुरंत जान जाएंगे फल अंदर से मीठा और लाल है या नहीं
Updated on: 8 December, 2022 6:02 PM IST

दिल्ली: श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री रामेश्वर तेली ने गुरुवार को ई-श्रम पोर्टल को लेकर पूछे गए सवाल पर राज्यसभा में जवाब दिया. उन्होंने बताया कि सरकार ने देशभर के श्रमिकों के लिए 26 अगस्त 2021 को ई-श्रम पोर्टल लॉन्च किया था. इस राष्ट्रीय डेटाबेस ई-श्रम पोर्टल पर देशभर के असंगठित श्रमिकों का पंजीकरण सभी राज्यों की ओर से उपलब्ध कराया गया था.

उन्होंने बताया कि पोर्टल का मुख्य उद्देश्य सभी असंगठित श्रमिकों का एक राष्ट्रीय डेटाबेस बनाना है. जिसमें निर्माण श्रमिक, गिग और प्लेटफार्म श्रमिक, स्ट्रीट वेंडर, घरेलू कामगार, कृषि श्रमिक, प्रवासी श्रमिक और इसी तरह के अन्य श्रमिक भी जुड़े हुए हैं.

ई-श्रम पोर्टल श्रमिक की आधार से संबंधित जानकारी (नाम, जन्म तिथि, लिंग, फोटो), व्यक्तिगत विवरण (वैवाहिक स्थिति, विकलांगता स्थिति आदि), संपर्क विवरण, पता जानकारी (वर्तमान, स्थायी) जैसी विभिन्न श्रेणियों में एक कार्यकर्ता के विवरण को कैप्चर करता है और यह श्रमिक के  व्यवसाय विवरण और बैंक की जानकारी देता है.

उन्होंने बताया कि श्रम और रोजगार मंत्रालय ने सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों की सरकारों को ई-श्रम पोर्टल डेटा के माध्यम से डेटा एकीकरण और साझाकरण पर दिशा निर्देश दिए हैं. उन्होंने बताया कि ई-श्रम का सांख्यिकीय डेटा सार्वजनिक रूप से ई-श्रम डैशबोर्ड यानी https://eshram.gov.in/ पर उपलब्ध है.

English Summary: central minister Rameshwar Teli gave information in Rajya Sabha regarding the E Shram Portal
Published on: 08 December 2022, 06:06 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now