Krishi Yantra Yojana: रोटावेटर और मल्टी क्रॉप थ्रेशर समेत इन 6 कृषि यंत्रों पर मिल रहा 50% तक अनुदान, जानें कैसे उठाएं लाभ Dudharu Pashu Bima Yojana: दुधारू पशुओं का होगा बीमा, पशुपालकों को मिलेगी 75% सब्सिडी, जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया! STIHL मल्टी-पर्पस स्टेशनेरी इंजन: आधुनिक कृषि और उद्योग के लिए क्रांतिकारी समाधान Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Multilayer Farming: मल्टीलेयर फार्मिंग तकनीक से आकाश चौरसिया कमा रहे कई गुना मुनाफा, सालाना टर्नओवर 50 लाख रुपये तक Wheat Farming: किसानों के लिए वरदान हैं गेहूं की ये दो किस्में, कम लागत में मिलेगी अधिक पैदावार
Updated on: 9 June, 2022 10:14 PM IST
Biotech startup expo 2022

दिल्ली के प्रगति मैदान में देश के पहले बायोटेक स्टार्टअप एक्सपो 2022 का आयोजन किया गया है. इस आयोजन का शुभारंभ 9 जून को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा उद्घाटन कर किया गया. बता दें कि यह दो दिवसीय आयोजन है. एक्सपो का आयोजन जैव प्रौद्योगिकी विभाग और जैव प्रौद्योगिकी उद्योग अनुसंधान सहायता परिषद (BIRAC) द्वारा किया जा रहा है. एक्सपो की थीम 'बायोटेक स्टार्टअप नवोन्मेष: आत्मनिर्भर भारत की ओर' रखी गयी है. तो वहीं कृषि जागरण की टीम भी बायोटेक स्टार्टअप एक्सपो 2022 का हिस्सा रही.  

बायोटेक स्टार्टअप एक्सपो में लगभग 300 स्टॉल लगाए गए हैं. इसमें स्वास्थ्य, जीनोमिक्स, बायोफार्मा, कृषि, औद्योगिक जैव प्रौद्योगिकी, अपशिष्ट-से-मूल्य और स्वच्छ ऊर्जा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में जैव प्रौद्योगिकी के स्टॉल को प्रदर्शित किया गया. बायोटेक स्टार्टअप एक्सपो 2022 निवेशकों, उद्यमियों, वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं, निर्माताओं, जैव-इनक्यूबेटरों, नियामकों और सरकारी अधिकारियों को जोड़ने के लिए एक साझा मंच प्रदान कर रहा है.

स्टार्टअप्स की संख्या पहुंची 70 हजार  

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बायोटेक स्टार्टअप एक्सपो के मंच से कहा कि दुनिया में हमारे IT professionals की स्किल और इनोवेशन को लेकर Trust नई ऊंचाई पर है. बीते 8 वर्षों में हमारे देश में स्टार्टअप्स की संख्या, कुछ सौ से बढ़कर 70 हजार तक पहुंच गई है. उन्होनें कहा कि ये 70 हजार स्टार्ट-अप्स लगभग 60 अलग-अलग इंडस्ट्रीज़ में बने हैं. इसमें भी 5 हज़ार से अधिक स्टार्टअप्स, बायोटेक से जुड़े हैं बायोटेक सेक्टर सबसे अधिक Demand Driven Sectors में से एक है. बीते वर्षों में भारत में Ease of Living के लिए जो अभियान चले हैं, उन्होंने बायोटेक सेक्टर के लिए नई संभावनाएं बना दी हैं.

तो वहीं वहां मौजूद Fibroheal Woundcare Pvt Ltd जो कि स्टार्टअप इंडिया और स्टार्टअप कर्नाटक के तहत स्वीकृत एक स्टार्टअप है और विभिन्न स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए रेशम प्रोटीन के विभिन्न बायोमेडिकल अनुप्रयोगों को विकसित करने के लिए रेशम की बायोमटेरियल संपत्ति का लाभ उठाने पर काम कर रहा है. उन्होंने कृषि जागरण से बातचीत करते हुए बताया कि हम डीबीटी, भारत सरकार, सेंटर फॉर सेल्युलर एंड मॉलिक्यूलर प्लेटफॉर्म (सीसीएएमपी) और आईटी, बीटी और एसटी विभाग, कर्नाटक सरकार द्वारा समर्थित हैं. हम उन्नत और सक्रिय घाव देखभाल प्रबंधन के लिए विभिन्न नवीन चिकित्सा उपकरणों / अन्य उत्पादों को विकसित करने के लिए जैव संशोधित रेशम प्रोटीन पर काम करते हैं. हमें बीआईआरएसी द्वारा सिल्क प्रोटीन के एक पेटेंट उत्पाद के नवाचार और व्यावसायीकरण के लिए मान्यता दी गई है.

यह भी पढ़े :  कृषि जागरण चौपाल में शामिल हुए कोरोमंडल कंपनी के सतीश तिवारी, कृषि उत्पादों पर की चर्चा

बता दें कि Fibroheal Woundcare Pvt Ltd, भारत की पहली कंपनी है जो रेशम और रेशम प्रोटीन की गैर-कपड़ा बायोमटेरियल संपत्ति का लाभ उठा रही है, जिसने लगभग 1 मिलियन अमरीकी डालर (लगभग 7 करोड़) की उद्यम ऋण निधि जुटाई है.

इस बायोटेक स्टार्टअप एक्सपो 2022 में HEALVENTURE BIOSCIENCES LLP कंपनी ने भी अपना स्टॉल लगाया है. कृषि जागरण से बातचीत करते हुए कंपनी ने बताया कि HEALVENTURE BIOSCIENCES LLP रोगाणुरोधी गुणों के साथ पशु चारा, पोल्ट्री फीड, फिश फीड का निर्माण कर रहा है. साथ ही हमारी कंपनी पौधों की वृद्धि के लिए बायोफर्टिलाइजर, बायोपेस्टीसाइड और बायोस्टिमुलेटर का निर्माण भी करती हैं. 

English Summary: Biotech Startup Expo 2022 inaugurated by the pm modi
Published on: 09 June 2022, 10:23 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now