Krishi Yantra Yojana: रोटावेटर और मल्टी क्रॉप थ्रेशर समेत इन 6 कृषि यंत्रों पर मिल रहा 50% तक अनुदान, जानें कैसे उठाएं लाभ Dudharu Pashu Bima Yojana: दुधारू पशुओं का होगा बीमा, पशुपालकों को मिलेगी 75% सब्सिडी, जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया! PM Kusum Yojana से मिलेगी सस्ती बिजली, राज्य सरकार करेंगे प्रति मेगावाट 45 लाख रुपए तक की मदद! जानें पात्रता और आवेदन प्रक्रिया Rooftop Farming Scheme: छत पर करें बागवानी, मिलेगा 75% तक अनुदान, जानें आवेदन प्रक्रिया भारत का सबसे कम ईंधन खपत करने वाला ट्रैक्टर, 5 साल की वारंटी के साथ महिलाओं के लिए तंदुरुस्ती और ऊर्जा का खजाना, सर्दियों में करें इन 5 सब्जियों का सेवन ये हैं भारत के 5 सबसे सस्ते और मजबूत प्लाऊ (हल), जो एफिशिएंसी तरीके से मिट्टी बनाते हैं उपजाऊ Mahindra Bolero: कृषि, पोल्ट्री और डेयरी के लिए बेहतरीन पिकअप, जानें फीचर्स और कीमत! Multilayer Farming: मल्टीलेयर फार्मिंग तकनीक से आकाश चौरसिया कमा रहे कई गुना मुनाफा, सालाना टर्नओवर 50 लाख रुपये तक Wheat Farming: किसानों के लिए वरदान हैं गेहूं की ये दो किस्में, कम लागत में मिलेगी अधिक पैदावार
Updated on: 17 January, 2020 2:35 PM IST

अग्रणी एग्रोकेमिकल कंपनी, यूपीएल (UPL) को आधिकारिक दस्तावेजों के मुताबिक, गुजरात के भरूच जिले (Gujarat Bharuch district) में 353.43 करोड़ रुपये की कीटनाशक यूनिट विस्तार परियोजना के लिए पर्यावरण मंजूरी मिल गई है. सरकार से मिली इस मंजूरी के बाद दस्तावेज़ों से पता चला कि पर्यावरण मंत्रालय ने ग्रीन पैनल के इनपुट के आधार पर प्रस्तावित विस्तार परियोजना के लिए फ़र्म को सहमति दे दी है. प्राधिकरण के तहत कंपनी को प्रतिबंधित कीटनाशकों या रसायनों का उत्पादन नहीं करना चाहिए. इसके साथ ही कीटनाशकों के उत्पादन के लिए किसी भी प्रतिबंधित कच्चे माल का उपयोग नहीं करना चाहिए.

यह परियोजना कीटनाशक तकनीकी ग्रेड, मध्यवर्ती उत्पादों और ठोस या तरल फ़ार्मूलेशन के निर्माण क्षमता का विस्तार करने के लिए रखी गयी है. इसके साथ ही नए उत्पादों को भी जोड़ने के लिए मौजूदा उत्पादों की विनिर्माण क्षमता को बढ़ाए जाने की योजना है. इसके अलावा यूपीएल भरुच जिले के अंकलेश्वर में 1,520 टन प्रति माह (टीपीएम) से 4,720 टीपीएम और कीटनाशक-विशिष्ट 1,120 टीपीएम से 2,100 टीपीएम तक कीटनाशक यूनिट की क्षमता बढ़ाने की योजना बना रहा है.

दस्तावेज़ों से इस बात की जानकारी मिलती है कि विस्तार 1.36 लाख वर्ग मीटर के मौजूदा भूमि क्षेत्र में होगा. लगभग 353.43 करोड़ रुपये की लागत आने की उम्मीद है. विस्तार के बाद बिजली की आवश्यकता दक्षिण गुजरात विज कंपनी लिमिटेड (DGVCL) से पूरी की जाएगी. वर्तमान में, कंपनी की उत्पादन क्षमता 6,910 TPM है. इसमें 133 देशों के तहत महाराष्ट्र, पश्चिम बंगाल, जम्मू और विपणन नेटवर्क की 11 विनिर्माण सुविधाएं मौजूद हैं.

English Summary: upl got environment clearance for pesticide unit expansion project
Published on: 17 January 2020, 02:52 PM IST

कृषि पत्रकारिता के लिए अपना समर्थन दिखाएं..!!

प्रिय पाठक, हमसे जुड़ने के लिए आपका धन्यवाद। कृषि पत्रकारिता को आगे बढ़ाने के लिए आप जैसे पाठक हमारे लिए एक प्रेरणा हैं। हमें कृषि पत्रकारिता को और सशक्त बनाने और ग्रामीण भारत के हर कोने में किसानों और लोगों तक पहुंचने के लिए आपके समर्थन या सहयोग की आवश्यकता है। हमारे भविष्य के लिए आपका हर सहयोग मूल्यवान है।

Donate now